यह सिलसिला यहीं पर ठहरने वाला नहीं है। न्यास के अपने लक्ष्य को हासिल करके ही थमेगा। एक फरवरी को श्रीमद्जगद्गुरु रामानंदाचार्य स्वामी राजेश्वरीमाऊली सरकार के सेक्टर-16 स्थित पंडाल में महासंवाद होगा। महाकुंभ में साधु महात्मा, महामंडलेश्वर, जगद्गुरु और शंकराचार्य महासंवाद में शामिल होंगे। सभी से भेंट वार्ता कर महासंवाद के मूल विषय पर मंथन किया गया है। संतो से भेंट वार्ता का क्रम जारी है। उन्होंने बताया कि महाकुंभ में देश विदेश के संत इस महासंवाद में शामिल होंगे।
महासंवाद में श्री कृष्ण जन्म भूमि की मुक्ति को लेकर कोई बड़ा ऐलान भी हो सकता है। श्री कृष्ण जन्मभूमि मुक्ति न्यास के अध्यक्ष महेंद्र प्रताप सिंह एडवोकेट ने महासंवाद में श्री कृष्ण जन्म की मुक्ति के आंदोलन के अगले चरण की आधारशिला भी रखी जाएगी। बताया कि जिन लोगों ने हस्ताक्षर किए हैं, उन्होंने संकल्प लिया है कि वह अपने-अपने निवास और कार्यक्षेत्र में भगवान श्री कृष्ण जन्म भूमि की मुक्ति को जन आंदोलन खड़ा करने का कार्य करेंगे।