जनता ने शव लेकर आई एंबुलेंस को आड़ा तिरछा खड़ा कर रखा था। उसकी पुलिसकर्मियों ने चाभी निकाल ली। उसे लेकर भी नोकझोंक हुई। किसी तरह सीओ ने समझाकर शांत किया और चौबीस घंटे का भरोसा दिलाया। तब जाकर हाम खुला। सीओ प्रथम के अनुसार इस मामले में रामू को घटना के अगले दिन ही गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है। अब उस पर हत्या की धारा बढ़ाई गई है। रहा सवाल परिवार के आरोपों का तो सीसीटीवी फुटेज में अकेला रामू कैद पाया गया है। रामू ने अब तक की पूछताछ में अकेले ही ले जाने और कांच की बोतल से हमला करना स्वीकारा है। बाकी आरोपों की जांच की जा रही है।
जाम लगाने वालों पर पुलिस ने लिखा मुकदमा
हाथरस अड्डा पर जाम लगाने, रोकने पर सरकारी कार्य में बाधा पैदा करने व अराजक माहौल पैदा करने के आरोप में मुकदमा दर्ज किया गया है। सीओ प्रथम अभय पांडेय के अनुसार इलाका दरोगा धर्मेंद्र कुमार की ओर से हरेंद्र, मुकेश, मदनलाल, हेमंत, लखन, गौरव, प्रमोद व पुष्पा को नामजद व अन्य अज्ञात आरोपियों पर यह मुकदमा दर्ज किया गया है। जिसमें आरोप है कि इनके द्वारा जाम लगाए जाने से अराजक माहौल पैदा होने, बाजार बंद होने, अफरा तफरी मचने, ठेल ढकेल वालों में भगदड़ मची। पुलिस द्वारा रोके जाने पर सरकारी कार्य में बाधा पैदा की गई।
मंगेतर भी पहुंची मौके पर
जाम स्थल पर युवक की मंगेतर भी पहुंची। उसका भी रो-रोकर बुरा हाल था। उसे किसी तरह समझाकर शांत किया और वापस साथ ले गए।
इस मामले में एक आरोपी अभी तक सामने आया है। उसे हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। परिवार की आशंका अन्य लोगों को लेकर है, उसमें जांच की जा रही है।-अभय पांडेय,सीओ प्रथम