यासिर फहद को 14 सितंबर को डक पॉन्ड से बाब-ए-सैयद तक विरोध मार्च निकालने और यूनिवर्सिटी प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करने के आरोपों में निलंबित किया गया था। उसके बाद अनशन और फिर छात्रसंघ चुनाव की घोषणा कर दी गई थी।
अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी (एएमयू) में छात्र यासिर फहद का निलंबन निरस्त किए जाने से छात्र राजनीति में हलचल तेज होने के आसार हैं। एमए उर्दू के छात्र और एसएस नॉर्थ हॉल के यासिर फहद को 14 सितंबर 2026 को डक पॉन्ड से बाब-ए-सैयद तक विरोध मार्च निकालने और यूनिवर्सिटी प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करने के आरोपों में निलंबित किया गया था।
विज्ञापन
यासिर ने करीब 10 अन्य लोगों के साथ बाब-ए-सैयद के मुख्य प्रवेश द्वार पर अवरोध पैदा किया। ज्ञापन में इलाहाबाद हाईकोर्ट के निर्देशों के उल्लंघन, विश्वविद्यालय पदाधिकारियों के खिलाफ आपत्तिजनक नारेबाजी और छात्राओं से जुड़े मामलों पर भ्रामक दावे करने के आरोप भी लगाए गए थे। प्रॉक्टर प्रो. मोहम्मद नफीस अहमद अंसारी ने बताया कि छात्र यासिर फहद का निलंबन निरस्त कर दिया गया है।