थाना दादों के गांव नगला ककरूआ में शनिवार की रात एक चारपाई पर सो रही महिला और उसके नाती-नातिन व धेवती के ऊपर छत की बीम टूटकर गिर गई। बीम गिरने और दबे बच्चों की चीख सुनकर परिजनों के साथ ही पड़ोसियों की भी नींद खुल गई और वह भागकर मौके पर पहुंचे। मलबे को हटाकर चारों को बाहर निकाला गया। हालांकि दादी की मौत हो चुकी थी। घायल बच्चों को आननफानन में जेएन मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है। तीनों की हालत गंभीर बताई जा रही है।
जानकारी के अनुसार नगला ककरूआ निवासी प्रेमवती देवी (55) पत्नी किताब सिंह शनिवार की रात घर के बरामदे में अपने नाती शिवम, नातिन प्रीती और धेवती हसना पुत्री खूब सिंह निवासी दीनापुर थाना पाली मुकीमपुर के साथ एक ही चारपाई पर सो रही थीं। रात करीब दस बजे अचानक बरामदे की बीम टूटकर इन सभी के ऊपर गिर पड़ी।
मलबे में दबे सभी लोगों की चीखें सुनकर परिजन एवं ग्रामीण तुरंत मौके पर पहुंचे। बीम में सभी को दबा देख परिजनों के होश उड़ गए। पड़ोसियों ने तत्काल मलबा हटाकर चारों को बाहर निकाला। प्रेमवती की तब तक मौत हो चुकी थी। तीनों बच्चों का जेएन मेडिकल कॉलेज में इलाज चल रहा है। तीनों की हालत गंभीर बताई जा रही है।
प्रेमवती देवी के शव को पुलिस ने पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। ग्रामीणों के अनुसार किताब सिंह ने अपनी जमीन बेचकर छह माह पहले ही मकान बनवाया था। प्रेमवती देवी चार बेटों और एक बेटी को रोता बिलखता छोड़ गई हैं।