अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय (एएमयू) के कुलपति प्रोफेसर तारिक मंसूर ने मंगलवार को केंद्रीय शिक्षा मंत्री रमेश पोखरियाल निशंक से फोन पर बात कर कोरोना वायरस संक्रमण के नियंत्रण के संबंध में जानकारी दी। उनसे कहा कि कोरोना वायरस के नए स्ट्रेन को लेकर जो नमूने भेजे गए हैं, उनकी जल्द से जल्द जांच कराई जाए।
कुलपति ने केंद्रीय मंत्री को जेएन मेडिकल कॉलेज में ऑक्सीजन संकट और उपलब्ध संसाधनों के विषय में अवगत कराया। कुलपति ने कहा कि जेएन मेडिकल कॉलेज अलीगढ़ ही नहीं, आसपास के अन्य जिलों से आने वाले मरीजों को उपचार की सुविधा उपलब्ध कराता है। लेकिन पिछले कुछ दिनों से यहां पर ऑक्सीजन संकट पैदा हो गया है।
एएमयू के शिक्षक और मेडिकल कॉलेज के डॉक्टर के संक्रमण की चपेट में आने के मामले भी प्रकाश में आ रहे हैं। यहां पर कोरोना वायरस के नए स्ट्रेन होने की संभावना को ध्यान में रखते हुए इंडियन मेडिकल काउंसिल ऑफ रिसर्च की लैब में जांच के लिए नमूने भेजे गए हैं। उसका परीक्षण जल्द करा कर रिपोर्ट मेडिकल कॉलेज को भेजी जाए, जिससे कि उसके मुताबिक व्यवस्थाएं की जा सकें।
कुलपति ने केंद्रीय मंत्री को मेडिकल कॉलेज में चिकित्सा सुविधाओं के विस्तार का भी आग्रह किया। इस संबंध में केंद्रीय मंत्री ने सकारात्मक रुख दिखाया है। रमेश पोखरियाल निशंक ने अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय के शिक्षकों कर्मचारियों व अन्य स्टाफ के लिए टीकाकरण पर भी जोर दिया है।
- केंद्रीय मंत्री रमेश पोखरियाल निशंक से टेलीफोन पर बातचीत में महामारी नियंत्रण के संबंध में जो उपाय विश्वविद्यालय और जेएन मेडिकल कॉलेज कर रहा है, उसकी जानकारी दी गई है। साथ ही मेडिकल ऑक्सीजन प्लांट लगाने, रेमडेसिविर दवा उपलब्ध कराने, वैक्सीन की सप्लाई और ऑक्सीजन की आपूर्ति करने के लिए कहा है। केंद्रीय मंत्री ने आश्वासन दिया है कि जल्द से जल्द मेडिकल कॉलेज में सभी व्यवस्थाएं की जाएंगी। उत्तर प्रदेश की सरकार को भी ऑक्सीजन और रेमडेसिविर दवा की आपूर्ति करने के लिए पत्र लिखा है। मुख्यमंत्री से फोन पर बातचीत हुई है। उनको सारी स्थिति से अवगत कराया।
- प्रोफेसर तारिक मंसूर, कुलपति, अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय