एसीजेएम एमपी/एमएलए कोर्ट दीपकनाथ सरस्वती के न्यायालय में लोकसभा सांसद एवं नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के खिलाफ दाखिल मानहानि के परिवाद में शुक्रवार को परिवादी लवकुश की ओर से दो गवाहों के बयान हुए। न्यायालय में इस मामले में अगली सुनवाई के लिए 27 अक्तूबर की तिथि नियत की गई है।
डिस्ट्रिक्ट बार एसोसिएशन के अधिवक्ता मुन्ना सिंह पुंढीर ने बताया कि थाना चंदपा क्षेत्र के एक गांव निवासी रामकुमार उर्फ रामू की ओर से यह परिवाद दाखिल किया गया था। न्यायालय में रामकुमार के अलावा लवकुश और रवि ने भी परिवाद दायर कर रखा है। परिवाद में कहा है कि न्यायालय के निर्णय के बावजूद वोट की राजनीति की खातिर जातिगत विद्वेष के लिए राहुल गांधी ने अकारण 12 दिसंबर 2024 को उनके गांव का दौरा किया था।
राहुल गांधी ने मृत मुद्दे को पुनर्जीवित करने, जानबूझकर परिवादी को समाज में अपमानित करने व उसका चारित्रिक हनन करने के उद्देश्य से अवैधानिक लाभ के लिए सोशल मीडिया पर पोस्ट की। आरोप है कि उन्होंने न्यायालय के निर्णय की पूरी जानकारी होने के बावजूद दोषमुक्त हुए युवकों को गैंगरेप का आरोपी बताया था। शुक्रवार को इस मामले में न्यायालय में परिवादी लवकुश की ओर से दो गवाह ध्रुव सिसोदिया व जगवीर के बयान हुए।