बॉबी घर पर रोता हुआ वापस लौटा और दूसरी मंजिल स्थित अपने कमरे में पहुंचा, जहां उसने अपनी पत्नी आरती और चार माह की मासूम बेटी को कमरे से बाहर निकाल कर अंदर से दरवाजा बंद कर लिया।
कस्बा कौड़ियागंज के नगला रामपुर में 16 अप्रैल की शाम एक युवक पत्नी और मासूम बेटी को घर से बाहर निकाल कर फांसी के फंदे पर झूल गया। बाहर पत्नी दरवाजा पीटती रह गई। खुदकुशी का कारण शराब के नशे में चचेरे भाई से कहासुनी होना बताया जा रहा है।
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पत्नी को चार माह की मासूम बेटी के साथ कमरे से बाहर निकाला
नगला रामपुर निवासी बॉबी (25) पुत्र डिप्टी सिंह अपने तीन भाइयों में सबसे बड़ा था। 16 अप्रैल को बौबी पड़ोस में एक त्रयोदशी संस्कार में गया था। शाम को करीब छह बजे के लगभग वह घर पर रोता हुआ वापस लौटा और दूसरी मंजिल स्थित अपने कमरे में पहुंचा, जहां उसने अपनी पत्नी आरती और चार माह की मासूम बेटी को कमरे से बाहर निकाल कर अंदर से दरवाजा बंद कर लिया। पत्नी इस पर बाहर बंद दरवाजे को पीटती हुई शोर मचाने लगी।
शोरगुल सुुनकर आसपास के लोग पहुंचे और बौबी से दरवाजा खोलने को चीख-पुकार मचाई। अंदर से कोई आवाज नहीं आने पर लोगों ने दरवाजा तोड़ दिया लेकिन तब तक बौबी फंदे पर झूल चुका था। वह धोती से छत के कुंडे पर लटका हुआ था। घटनाक्रम इतनी तेजी से हुआ कि लोग उसे बचा नहीं सके। घटना की सूचना बौबी के ससुरालीजनों ने पुलिस को दी। पुलिस एवं फोरेंसिक टीम ने घटनास्थल स्थल पर पहुंचकर जांच की। शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
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खुदकुशी के संबंध में ग्रामीणों का कहना है कि बौबी मजदूरी करता था। पड़ोस में त्रयोदशी संस्कार कार्यक्रम के दौरान उसे नशे में देखकर उसकी अपने चचेरे भाई से कहासुनी हो गई थी। इसके बाद वह वहां से रोते हुए घर चला गया और उसने यह आत्मघाती कदम उठा लिया। थाना प्रभारी निरीक्षक डीके सिसौदिया ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है।