बिजौली ब्लॉक की ग्राम पंचायत दत्तचोली बुजुर्ग में 2022 में लाखों रुपये की लागत से बना अमृत सरोवर आज बदहाल स्थिति में पहुंच गया है। जल संरक्षण और लोगों के सुबह-शाम घूमने के लिए बेहतर स्थान मुहैया हो सके, इसी उद्देश्य से तैयार किया गया यह सरोवर अब गंदगी, जलकुंभी और अव्यवस्था का केंद्र बन चुका है।
यह पूरी तरह जलकुंभी से ढक गया है, जिसमें पानी दिखाई तक नहीं देता। चारों ओर उगी झाड़ियां और फैली गंदगी इसकी दुर्दशा को साफ बयां कर रही हैं। सरोवर के पास बनी इंटरलॉकिंग पगडंडी भी कूड़े-कचरे और मल से अटी पड़ी है। मुख्य द्वार पर पशु बांधे जा रहे हैं, जिससे दुर्गंध और गंदगी का माहौल बना रहता है।
वहीं, एक ओर के रास्ते पर भट्ठा संचालक द्वारा मिट्टी से भरे ट्रैक्टरों के आवागमन से रास्ता क्षतिग्रस्त हो गया है, जो बरसात में फिसलन भरा होकर दुर्घटनाओं का कारण बन रहा है। सरोवर परिसर में बनी बैठने की सीटें भी बेकार पड़ी हैं। गंदगी के कारण लोग वहां रुकना तक पसंद नहीं करते। ग्रामीणों का आरोप है कि जिम्मेदार अधिकारियों की अनदेखी के चलते यह योजना बर्बादी की कगार पर है।
ये है बदहाली
- तालाब पूरी तरह जलकुंभी से ढका
- कूड़ा और झाड़ियां फैलीं, पगडंडी कचरे से अटी
- मुख्य द्वार पर बांधे जा रहे पशु, ट्रैक्टरों के कारण रास्ता क्षतिग्रस्त
- बरसात में फिसलन से बढ़ रहा हादसों का खतरा
- बैठने की सीटें उपयोग से बाहर
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-अमृत सरोवर बनने के बाद से आज तक सफाई नहीं हुई है। लाइट के लिए लगे खंभे भी खाली पड़े हैं। गंदगी होने के कारण यहां कोई टहलने तक नहीं आता। -महाराज सिंह, ग्रामीण
-सरोवर में गंदगी जमी पड़ी है। शुरुआत के दिनों में लोग यहां टहलने आते थे, लेकिन अब इस ओर कोई भी नहीं आता है। जिम्मेदार भी इस ओर ध्यान नहीं दे रहे हैं। -बुंदू खान, ग्रामीण
-सरोवर के चारों ओर बनी इंटरलॉकिंग रास्ते पर लोग गंदगी फैला रहे हैं। ट्रैक्टर चला कर इसके रास्ते को खराब कर दिया है। रास्ते में गड्ढे हो गए हैं। - ऋषिपाल, ग्रामीण
- ग्राम प्रधान उदयवीर सिंह ने बताया अमृत सरोवर में एक बार सफाई गई थी। अब अगले महीने से साफ-सफाई कराई जाएगी।