ठाकुर ज्ञानेंद्र चौहान ने वीडियो जारी करते हुए अखिल भारतीय करणी सेना के राष्ट्रीय संगठन मंत्री ठाकुर मनोज सिंह चौहान के द्वारा जारी वीडियो, पत्र और आरोपों का जवाब दिया है। ठाकुर ज्ञानेंद्र चौहान ने कहा कि मैं पूर्व में अखिल भारतीय करणी सेना में वरिष्ठ राष्ट्रीय उपाध्यक्ष के पद पर कार्य कर रहा था। अखिल भारतीय करणी सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष शेखर चौहान एवं संगठन मंत्री मनोज चौहान द्वारा मुझ पर लगातार दबाव बनाया जा रहा था कि मैं अपने पद का दुरूपयोग कर एवं प्रशासनिक, पुलिस अधिकारियों के नाम पर आम लोगों से वसूली कर संगठन को अवैध धनराशि दूं। मनोज चौहान के दबाव से तंग आकर मैंने गत 20 सितंबर को इस संगठन से त्याग पत्र दे दिया था, जिसको मनोज चौहान ने स्वीकार भी किया था। इसका स्क्रीनशाॅट मेरे पास है।
उन्होंने कहा कि अखिल भारतीय करणी सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष शेखर चौहान व राष्ट्रीय संगठन महामंत्री मनोज चौहान करणी सेना के नाम का दुरूपयोग कर अपने पदाधिकारियों से अवैध वसूली का कार्य कराते हैं और उसी के अनुरूप अलीगढ़ के पदाधिकारियों पर भी अवैध बसूली करने का दबाव बनाया जा रहा था। जिसके चलते मैंने अलीगढ़ के पदाधिकारियों के परामर्श से अलीगढ़ की समस्त टीम को भंग कर अखिल भारतीय करणी सेना से 20 सितंबर को त्याग पत्र दे दिया था।
उन्होंने कहा कि इनके द्वारा 2 अक्टूबर को जो पत्र, वीडियो मेरे नाम से जारी किया गया है, उसके आधार पर मैं इन पर मानहानि का दावा दायर करूंगा, क्योंकि पत्र व वीडियों में इनके द्वारा जो भी कहा गया है, वह सब आधारहीन है, जिसका कोई साक्ष्य नहीं है।