क्षेत्र के गांव कैमावली स्थित माधवानंद आश्रम में शुक्रवार सुबह एक बुजुर्ग साधु की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। आश्रम में उनका शव जली हुई हालत में मिला। पुलिस व फॉरेंसिक टीम ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है।
ग्रामीणों के अनुसार 75 वर्षीय स्वामी अदेतानंद कई सालों से से आश्रम में रह रहे थे। वह मूल रूप से बदायूं के बिलसी के निवासी थे। शुक्रवार सुबह जब लोग आश्रम पहुंचे तो कुटिया के भीतर उनका शव बुरी तरह झुलसी अवस्था में पड़ा मिला।
घटना की जानकारी तुरंत पुलिस को दी गई। बताया जा रहा है कि संत पिछले कुछ समय से लकवा ग्रसित थे और चलने-फिरने में असमर्थ थे। ग्रामीण ही उन्हें भोजन व अन्य आवश्यक सामग्री उपलब्ध कराते थे। ऐसे में उनके पास ज्वलनशील पदार्थ पहुंचने को लेकर कई सवाल खड़े हो रहे हैं। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और फॉरेंसिक टीम ने साक्ष्य जुटाए हैं। कोतवाल अवधेश कुमार ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर मौत के कारणों का खुलासा होगा। जिला पंचायत सदस्य चौधरी जयवीर सिंह ने बताया कि राजघाट पर विधि विधान से शव का अंतिम संस्कार कर दिया गया है।