विश्व हिंदू परिषद कार्यालय पर पकड़ा गया युवक ।
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महानगर के गांधी पार्क थाना क्षेत्र के अचलताल स्थित विश्व हिंदू परिषद के कार्यालय में रविवार को पकड़ा गया संदिग्ध युवक महोबा के रोडवेज चालक बेटा निकला। महोबा से वह एएमयू कैंपस के पास संचालित आरक्षित वर्ग के नि:शुल्क कोचिंग सेंटर से सिविल सर्विसेज परीक्षा की तैयारी को एक माह पहले अलीगढ़ आया था। लखनऊ में कमलेश तिवारी की हत्या के बाद विहिप पर खतरा होने की बात सुनने पर वह रामकुमार आर्य को सचेत करने विहिप कार्यालय मिलने पहुंचा था। सोमवार को पुलिस सत्यापन में उसे क्लीन चिट मिल गई। पुलिस ने युवक को शांति भंग में पाबंद कर मजिस्ट्रेट के सामने पेश किया। यहां से जमानत मिलने के बाद पुलिस ने युवक को उसके पिता के सुपुर्द कर दिया।
पुलिस सत्यापन में युवक की शिनाख्त कृष्ण कुमार उर्फ अमित पुत्र केशर वर्मा निवासी नया पुरा नौकाना, शुक्रवारी बाजार के पास चित्रकूट, महोबा के तौर पर हुई। पिता केशर वर्मा रायबरेली डिपो में रोडवेज बस चालक हैं। पुलिस की सूचना पर सोमवार सुबह वह भी अलीगढ़ आ गए। पुलिस ने बाप-बेटे से अलग-अलग पूछताछ की। दोनों के बयान एक समान मिलने पर पुलिस ने राहत की सांस ली और युवक को शांति भंग में पाबंद कर मजिस्ट्रेट के सामने पेश किया। यहां उसे जमानत मिलने के बाद देर शाम को पुलिस ने उसे पिता के सुपुर्द कर दिया। केशर वर्मा ने बताया कि उनके दो बेटे हैं। दूसरा बेटा नोएडा के एक निजी संस्थान में पढ़ रहा है। कृष्ण कुमार एक माह पहले घर से अलीगढ़ आया था। यहां वर्तमान में वह सराय रहमान, बन्नादेवी में एक किराए के कमरे में रह रहा था।
इंस्पेक्टर गांधी पार्क शंभूनाथ सिंह के मुताबिक कृष्ण कुमार उर्फ अमित ने विहिप कार्यकर्ताओं पर खतरा मंडराने की बात कुछ लोगों से सुनी थी। इस पर वह रामकुमार आर्य को सचेत करने के लिए उनसे संपर्क साधने लगा। रविवार को वह अचल ताल पर किताब खरीदने गया था। यहां से वह विहिप कार्यालय पर चला गया। वहां कार्यकर्ताओं की भीड़ ने उसे संदिग्ध समझकर घेर लिया। इससे वह सकपका गया था। युवक के खिलाफ शांतिभंग की कार्रवाई कर उसे मजिस्ट्रेट के सामने पेश किया गया। जमानत मिलने युवक को उसके पिता के सुपुर्द कर दिया गया है।