गिलहराज मंदिर के पाास स्ट्रीट लाइटों का निरीक्षण करते मेयर प्रशांत सिंघल
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अलीगढ़ शहर की पथ प्रकाश व्यवस्था की बदहाल स्थित 11 अक्तूबर को महापौर के सामने आ गई। दीपों के पर्व पर शहर को जगमग करने का दावा करने वाले नगर निगम की पथ प्रकाश व्यवस्था का हाल जानने निकले महापौर के घर के पास की ही लाइटें बंद मिली। इस पर उन्होंने जेई और कम्पनी के मैनेजर को जमकर फटकार लगाई। नगर आयुक्त से दूरभाष पर और एक्सईएन से वार्ता कर इनके खिलाफ कठोर कराई करने का निर्देश दिया।
अमर उजाला की खबर प्रकाशित होने के बाद स्ट्रीट लाइटों की हकीकत जानने के लिए महापौर शाम को सात बजे सराय लबरिया होते जीटी रोड से होकर स्टेट बैंक पहुंचे। वहां उन्हें लाइटें बंद मिली। जबकि यह बैंक स्मार्ट रोड चौराहे पर है। यहां घंटा घर और डीएम आवास भी मौजूद है। पार्षद करन माहौर, मनीष अग्रवाल, विवेक सारस्वत, संजय गोयल, सुबोध स्वीटी के साथ उन्होंने मैरिस रोड और रामघाट रोड का निरीक्षण किया।
यहां एक दो लाइटें छोड़ कर बाकी जलती मिलीं। अचल सरोवर की लाइटें बंद होने पर नाराजगी जाहिर की। डेढ़ घंटा तक निरीक्षण करने के बाद जब वह पत्थर बाजार होकर आवास को निकले तो बारहद्वारी चौराहे से आवास तक की लाइटें बंद मिली। उन्होंने एक्सईएन अजय कुमार सक्सेना को मौके पर बुला कर हकीकत से रूबरू कराया। कहा कि जेई व कम्पनी को नोटिस जारी करें। यही नहीं इन लाइटों को जल्द से जल्द ठीक कराया जाए।
शहर में हर रात पथ प्रकाश व्यवस्था का औचक निरीक्षण किया जाएगा। जहां-जहां भी लाइटें खराब मिलेंगी, उन्हें चिन्हित कर सही कराया जाएगा। यही नहीं नई लाइटें भी लगवाई जाएगी। धनतेरस से पहले शहर को रोशनी से जगमग किया जाएगा।-प्रशांत सिंघल, महापौर