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सांसद सतीश गौतम के बयान पर एएमयू में तूफान

Thu, 22 Nov 2018 02:10 AM IST
न्यूूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़।
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AMU - फोटो : file photo
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 सांसद सतीश कुमार गौतम के ताजा बयान पर अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय में तूफान की स्थिति है। छात्र नेताओं ने एलान कर दिया है कि आगामी दो दिसंबर को प्रस्तावित एएमयू कोर्ट की बैठक में आने पर सांसद सतीश गौतम का विरोध करेंगे। 
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छात्र संघ के उपाध्यक्ष हमजा सूफियान एवं सचिव हुजैफा आमिर ने एएमयू को लेकर सांसद द्वारा दिए गए विवादित बयान पर गहरी आपत्ति दर्ज की है। उपाध्यक्ष ने ‘टिकट कटने के डर से बौखलाहट’ में दिया गया बयान करार दिया है। वहीं सचिव ने तो राष्ट्रपति को खत लिखकर सांसद की एएमयू की कोर्ट सदस्यता रद्द करने तथा किसी पढ़े-लिखे एवं शालीन सदस्य को कोर्ट सदस्य नियुक्त करने की मांग की है।
उल्लेखनीय है कि एएमयू ड्रामा क्लब द्वारा भारत के गलत नक्शे लगाने से संबंधित विवाद के बाद सांसद सतीश कुमार गौतम ने कुलपति को मंगलवार को खत लिखा था। छात्रों द्वारा लगाए गए पोस्टर में भारत के अभिन्न अंग कश्मीर और नार्थ ईस्ट के कुछ हिस्से को नहीं दर्शाया गया। इससे नाराज सांसद ने कुलपति को लिखा था कि एएमयू में तालिबानी मानसिकता चल रही है। उनके पत्रों को देखकर कुलपति को सांप सूंघ जाता है। लोग कहते है कि क्या एएमयू आतंकवाद की नई पौध तैयार करने में जुटा हुआ है जो कि आए दिन यहां ऐसी घटनाएं संचालित होती रहती है।

हमारे सांसद सतीश गौतम का लगता है मानसिक संतुलन बिगड़ गया है। हमें उनसे सहानुभूति है और हम चाहते हैं कि उनका इलाज किसी अच्छे डॉक्टर से हो। अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय गंगा जमुनी तहजीब की जिंदा मिसाल है। यहां हमेशा से हिंदू मुस्लिम एकता को प्रमोट किया गया है। सांसद सांप्रदायिकता को हवा देकर गंदी राजनीति करना छोड़ दें।

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सलमान इम्तियाज, अध्यक्ष, एएमयू छात्र संघ


सांसद सतीश कुमार गौतम टिकट कटने के डर से बौखला गए हैं और उल्टे सीधे बयान देकर लोगों का ध्यान बेरोजगारी, भुखमरी और मॉब लिंचिंग से भटकाना चाहते हैं। बीजेपी सरकार को देश में अमन एवं शांति का माहौल रास नहीं आ रहा है। 2019 में अपनी हार को देखते हुए ये लोग बौखलाए हुए हैं। 
- हमजा सूफियान, उपाध्यक्ष, एएमयू छात्र संघ


सांसद सतीश ने एएमयू की गरिमा को बार-बार धूमिल किया है। उनके बयानों की वजह से यूनिवर्सिटी का माहौल कई बार खराब हो चुका है। एएमयू ने कभी भी देश विरोधी गतिविधियों को बर्दाश्त नहीं किया है। उन्होंने अशोभनीय टिप्पणी कर अपनी मानसिक स्थिति का प्रदर्शन किया है। दो दिसंबर को प्रस्तावित एएमयू कोर्ट की बैठक में उनका विरोध किया जाएगा।
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- हुजैफा आमिर, सचिव, एएमयू छात्र संघ 

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