बेटे समीर के मौत की खबर सुनकर मेडिकल में विलाप करते पिता गुड्डू।
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महानगर के सिविल लाइंस थाने से 100 मीटर की दूरी पर रविवार शाम हुई सपा नेता के भतीजे की हत्या में पुलिस उसकी रंजिशों के इर्द-गिर्द घूम रही है। पुलिस जांच में सामने आया है कि उसकी संगत ठीक ठाक नहीं थी। वह खुद टशन में रहता था और आए दिन उसके झगड़े होते रहते थे। पिछले दिनों भी उस पर हमला हुआ था, जिसमें छह सात लोगों पर मुकदमा दर्ज कराया गया था। जिसमें तीन लोग जेल भेजे गए थे। वहीं तीन साल पहले इसने इलाके में ही एक व्यक्ति के गोली मारी थी, जिसमें वह खुद जेल गया था। दोनों रंजिशों से जुड़े लोग इस घटना के बाद अपने घरों से गायब हैं। पुलिस उसी दिशा में काम कर रही है। देर रात समाचार लिखे जाने तक पुलिस को तहरीर भी नहीं मिली थी।
दादा के सेवानिवृत्त होने के बाद भी यहीं बसा था परिवार
समीर के दादा सिचाई विभाग में चतुर्थ श्रेणी पर तैनात थे। उन्हें यह आवास आवंटित था। मगर उनके सेवानिवृत्त होने के बाद भी माजिद का परिवार यहां बसा था। खुद चाय की ढकेल लगाते हैं, जबकि बेटे नौकरी कर रहे हैं। इन्हीं में दूसरे नंबर के बेटे की संगत को लेकर वह खुद परेशान थे। मगर उन्हें यह अंदेशा कभी न था कि ऐसी घटना हो जाएगी। समीर के चाचा अफसर पूर्व सपा महानगर अध्यक्ष अज्जू इशहाक की कमेटी में सचिव के पद पर भी रहे हैं। इस सूचना पर अज्जू इशहाक, युवजन सभा के प्रदेश सचिव सलमान शाहिद आदि भी मेडिकल कॉलेज पहुंच गए थे। वहीं सपा नेता आमिर चौधरी ने इस हत्या पर गहरी नाराजगी जताई है।
8 साल के बालक ने दी सिगरेट, उसी ने मचाया शोर
घटना के वक्त समीर खुद कृषि विभाग के गेस्ट हाउस की पुरानी बिल्डिंग में घुस गया था। उसने वहां घूमने वाले एक 8 साल के बालक अली से अपने लिए सिगरेट मंगाई और अंदर जाकर पीने लगा। अली की मानें तो इस दौरान बाइक पर दो युवक एएमयू सर्किल की ओर से आए। उन्हें शायद अंदाजा था या पहले से फोन पर बातचीत के दौरान उन्होंने ही इसे बहाने से घर से बाहर बुलाया था। इनमें से एक युवक बाइक लिए बाहर ही खड़ा रहा और दूसरा अंदर गया और उसने जाते ही एक गोली तमंचे से चलाई जो उसकी पीठ में लगी। इसके बाद वह बाहर आया और बाइक पर बैठकर दोनों वापस भाग गए। यह देख अली ने शोर मचाया और दौड़कर समीर के घर जाकर सूचना दी। शोर पर थाने से पुलिस दौड़ती पहुंची और घर से परिवार वाले आ गए। इंस्पेक्टर सिविल लाइंस प्रमेंद्र कुमार के अनुसार देर रात शव पोस्टमार्टम के लिए रखवा दिया गया था। पिता को तहरीर के लिए बुलाया गया था।