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Aligarh: समाज सेवी राज सक्सेना का रेलवे ट्रैक पर मिला शव, मृत्यु से पहले सोशल मीडिया एकाउंट पर की भावुक पोस्ट

Wed, 24 Jun 2026 05:20 PM IST
Chaman Kumar Sharma अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़

सार

राज सक्सेना ने खुदकुशी करने से पहले अपने फेसबुक एकाउंट पर भावुक पोस्ट लिखी। उन्होंने लिखा था कि मैंने हमेशा अपने मन की करी,और आज भी अपने से आत्महत्या कर रहा हूँ, उस परिवार को बेसहारा छोड़ कर जा रहा हूँ जिसने मेरे लिए सब कुछ किया,अब परिस्थिति कुछ ऐसी आ गयी की सब कुछ खत्म हो गया ... 
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राज सक्सेना ने फेसबुक पर लिखी भावुक पोस्ट - फोटो : राज सक्सेना फेसबुक एकाउंट
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विस्तार
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भाजपा कार्यकर्ता और समाजसेवी राज सक्सेना (46) ने बुधवार दोपहर 2:50 बजे छर्रा अड्डा पुल के नीचे बिहार संपर्क क्रांति ट्रेन के आगे आकर जान दे दी। आत्महत्या से पहले उन्होंने अपने फेसबुक पेज पर खुद की आत्महत्या से संबंधित कई पोस्ट शिड्यूल की थीं। डेढ़ घंटे बाद करीब सवा चार बजे जब पहली पोस्ट सामने आई तो लोग दौड़ पड़े, तब तक देर हो चुकी थी। पोस्ट में आर्थिक, मानसिक और शारीरिक कारणों से आत्महत्या का उल्लेख किया है। 

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सासनी गेट सराय मान सिंह में रहने वाले रविराज उर्फ राज सक्सेना उर्फ जॉनी भाई इलाके के लाल बहादुर शास्त्री कन्या महाविद्यालय में कंप्यूटर शिक्षक थे। रोजाना की तरह 11 बजे वे घर से बाइक पर स्कूल गए। इसके बाद बाइक से छर्रा अड्डा पुल के पास पहुंचकर ट्रैक पर पैदल चलने लगे। इसी दौरान कानपुर की ओर जाते सुपरफास्ट ट्रेन की चपेट में आने से राज की मौत हो गई। शुरुआत में जीआरपी-गांधीपार्क पुलिस जांच व शिनाख्त के प्रयास करती रही। 

फेसबुक पोस्ट पर परिजन, परिचित व मित्रों ने तलाशते हुए शव को पहचान लिया। फिलहाल टुकड़ों में बंटा शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। देर रात तक परिजन आत्महत्या के किसी सटीक नतीजे पर नहीं पहुंच पाए।

फेसबुक पर आई पहली पोस्ट से करीब डेढ़ घंटे पहले ही राज ने ट्रेन के आगे आकर आत्महत्या कर ली थी। पोस्ट पर जब लोग सक्रिय हुए तो शव की पहचान की गई। थाना पुलिस के सहयोग में सर्विलांस टीम सक्रिय की गई है। कारणों को जानने का प्रयास किया जा रहा है। - नीरज जादौन, एसएसपी

 

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मरने से पहले फेसबुक पर लिखी यह भावुक पोस्ट
सभी को मेरा अंतिम प्रणाम 
शायद ज़ब आप लोग ये पोस्ट देख रहें होंगे तब मैं दुनिया छोड़ चूका हूंगा,
मैंने हमेशा अपने मन की करी,और आज भी अपने से आत्महत्या कर रहा हूँ, उस परिवार को बेसहारा छोड़ कर जा रहा हूँ जिसने मेरे लिए सब कुछ किया,अब परिस्थिति कुछ ऐसी आ गयी की सब कुछ खत्म हो गया 
बहुत मन था अभी और जीने का पर 16 नवंबर 2019 से आज कि दिन तक परेशानी ख़त्म होने का नाम ही नहीं ले रही थी, 
मानसिक, शारीरिक एवं आर्थिक रूप से मैं बहुत बुरी तरह टूट गया हूँ, अब हिम्मत नहीं बची है 
कई दिनों से मैं रात मैं घर पर आत्महत्या का प्रयास कर रहा था, लेकिन मेरी देवी जैसी पत्नी अंकिता सक्सेना बार बार जाग कर उसको विफल कर देती थी 
इसलिए आज लाल बहादुर शास्त्री कन्या महाविद्यालय मैं आकर आत्महत्या कर रहा हूँ,
 मैं खुद आत्महत्या कर रहा हूँ इसके लिए मेरे किसी भी परिवार्जन को परेशान ना किया जाये
मेरी बस अंतिम 'इच्छा'
यही है की मेरी बॉडी को मेडिकल मैं दान कर दिया जाये, शायद मरते समय भी समाज कि काम आ सकूँ।

फेसबुक पर शिड्यूल की पोस्ट में बेटे के लिए लिखा यह
राज सक्सेना के फेसबुक एकाउंट पर खुदकुशी के बाद एक पोस्ट लाइव हुई जिसमें लिखा हुआ था कि ...
मेरी हर बात मानने वाला मेरा बेटा आदित्य सक्सेना (कान्हा) बहुत ही मेहनती है उसको जीवन मैं बहुत कुछ करना है, उसकी बहुत सारी उमीदें मेरे से ही थी पर अब मैं उसके पास नहीं हूँ। मैं अपने जीजाजी अरविन्द सक्सेना एवं बहन पिंकी सक्सेना से हाथ जोड़ कर प्रार्थना करूँगा की वो मेरे परिवार का ख्याल रख ले, ज़ब तक कान्हा पूरी तरह कही सेट ना हो जाये।
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बेटी के लिए भी लिखी पोस्ट
शिड्यूल की पोस्ट में राज सक्सेना ने अपनी बेटी के लिए लिखा कि ...
मेरी जान मेरी बेटी आराध्या सक्सेना (परी) वो अपनी सारी फरमाइश सिर्फ मेरे से करती थी,कभी किसी से उसने एक टॉफ़ी भी नहीं मांगी,
इतनी छोटी से उम्र मैं वो इतनी ज्यादा आत्मसम्मनि है की मैं बता नहीं सकता,
अब शायद वो बिलकुल गुमसुम हो जाएगी, मेरे बिना शायद जीवित भी ना रहें,
अंकिता और कान्हा तुम कोसिस करना की वो कभी भी परेशान ना हो

पत्नी के लिए लिखा कि 
शिड्यूल की पोस्ट में राज सक्सेना ने अपनी पत्नी के लिए लिखा कि ...
और अब आखिर मैं मैं सबसे बड़ा गुनेहगार अपनी देवी जैसी पत्नी अंकिता सक्सेना का रहूँगा, उसने मेरे को बचाने को पूरा प्रयास किया, पर अब मेरे मैं हिम्मत ही नहीं बची थी,
उसने जीवन भर मेरे से कुछ नहीं माँगा, सिर्फ मेरे लिए करती रही, और अब भी मैं उसको बीच मझधार मैं छोड़ कर जा रहा हूँ,
भगवान मेरी देवी जैसी पत्नी को अब और कोई कष्ट मत देना

दोबार बेटे के लिए लिखा कि 
शिड्यूल की पोस्ट में राज सक्सेना ने अपने बेटे के लिए लिखा कि ...
मेरी हर बात मानने वाला मेरा बेटा आदित्य सक्सेना (कान्हा) बहुत ही मेहनती है उसको जीवन मैं बहुत कुछ करना है, उसकी बहुत सारी उमीदें मेरे से ही थी पर अब मैं उसके पास नहीं हूँ।
मैं अपने जीजाजी अरविन्द सक्सेना एवं बहन पिंकी सक्सेना से हाथ जोड़ कर प्रार्थना करूँगा की वो मेरे परिवार का ख्याल रख ले, ज़ब तक कान्हा पूरी तरह कही सेट ना हो जाये।
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