विजयदशमी के मौके पर राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ द्वारा शस्त्र पूजन किया गया। उसके बाद महानगर में सैकड़ों सेवकों का पथ संचलन निकला। कई स्थानों पर उनका भव्य स्वागत किया गया। मुख्य कार्यक्रम बारहद्वारी स्थिति नगर निगम मैदान में आयोजित किया गया।
क्षेत्र प्रचारक प्रमुख कृष्ण चंद्र ने कहा कि 1925 में आज ही के दिन नागपुर में राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ की स्थापना कर डॉ. केशवराव बलिराम हेडगेवार ने हिंदू समाज को संगठित करने का संकल्प लिया था। आज 90 वर्ष में आरएसएस दुनिया का सबसे बड़ा स्वयं सेवी संगठन बन गया है। उन्होंने कहा कि हिंदुत्व संघ का प्राण है और इससे कोई समझौता नहीं हो सकता। क्षेत्र प्रचारक कृष्ण चंद्र ने कहा कि भारतीय इतिहास के साथ अपहरण जैसी घटना हुई है और अंग्रेज इतिहासकार जेम्स मिल एवं चार्ल्स ग्रांट ने इसे गलत तरीके से पेश किया है।
उन्होंने कहा कि सिकंदर महान कैसे हो सकता है। मार पड़ी तो उसकी सेना को घर की याद आने लगी। विजेता सेना में उत्साह होता है और सिकंदर की सेना जीतती तो उत्साह से आगे बढ़ती। उन्होंने समरसता पर भी जोर दिया। पथ संचलन में महानगर संघ चालक सूरजपाल राना, संघ चालक सुनील पाली, महानगर कार्यवाह हेमेंद्र, सह महानगर कार्यवाह मुकेश राजपूत, प्रचार प्रमुख महेश कुमार एडवोकेट, सांसद सतीश गौतम, भाजपा जिलाध्यक्ष चौधरी देवराज सिंह, डॉ. राजीव अग्रवाल, वैभव, संदीप चाणक्य, प्रमोद भारद्वाज, राजवीर, ललित कुमार, भूपेंद्र शर्मा आदि समेत सैकड़ों स्वयं सेवक शामिल हुए।