जिले में राशन की दुकानें अब जनसेवा केंद्र की तर्ज पर काम करेंगी। यहां गेहूं, चावल, चना, चीनी आदि खाद्यान्न के साथ-साथ कई प्रकार की सुविधाएं भी मिलेंगी। इन दुकानों पर आय, जाति, निवास प्रमाण पत्र के साथ ही खसरा, खतौनी की नकल ले सकेंगे, पेन कार्ड भी बनवा सकेंगे। इसके बदले आवेदकों को निर्धारित शुल्क अदा करना होगा। जिला आपूर्ति अधिकारी शिवाकांत पांडेय ने बताया कि राशन की दुकानों पर केंद्र व प्रदेश सरकार की योजनाओं से जुड़े काम भी होंगे। शासन स्तर से अलीगढ़ समेत सभी जिलों में इसके लिए आदेश जारी हो गए हैं।
जिला पूर्ति अधिकारी ने बताया कि जिले भर में राशन की 1300 से अधिक दुकानें हैं और 6.67 लाख कार्ड धारक हैं। महीने में दो बार इन दुकानों से राशन का वितरण किया जा रहा हैं। डीएसओ ने बताया कि शासन स्तर से राशन डीलरों की आय बढ़ाने के लिए यह कदम उठाया गया है। राशन दुकानों पर जनसेवा केंद्र की तरह ही सुविधाएं मिलेंगी। इसके बदले राशन डीलरों को किसी तरह का पंजीकरण, लाइसेंस तथा कोई शुल्क नहीं लेना होगा। यह सब सरकार की ओर से निशुल्क है।