जवां से ब्लॉक प्रमुख पद के दावेदार रिषी कुमार शर्मा व उनके भाई मुनीष कुमार शर्मा पर क्षेत्र पंचायत सदस्य (बीडीसी) के पति के अपहरण का मुकदमा दर्ज किया गया है।
उन पर सात दिन पहले गांव कोटाखास के बीडीसी पति को घर से ले जाने और गायब करने का आरोप है। यह भी आरोप है कि पंचायत सदस्य पर उनके पक्ष में वोट डालने को लेकर दबाव बनाया जा रहा है। फिलहाल पुलिस पूरे प्रकरण की जांच में जुटी है।
पेशे से शराब कारोबारी रिषी-मुनी के नाम से चर्चित भाइयों में रिषी की पत्नी रेनू शर्मा ने इस बार प्रमुख पद पर दावेदारी ठोंकी है। चुनावी तैयारियों के बीच सभी उम्मीदवार बीडीसी को अपने पक्ष में करने में लगे हैं।
इसी बीच रविवार देर रात गांव कोटाखास की दलित बीडीसी महिला सदस्य सावित्री देवी एसएसपी से मिलीं। उन्होंने आरोप लगाया कि सात दिन पहले उसके पति इंद्रजीत को दोनों भाई अपने साथ ले गए। तब से वह घर नहीं लौटे हैं।
इस बारे में जब दोनों भाइयाें से मिलीं तो न सिर्फ उनसे अभद्र व्यवहार किया गया, उनके लिए जाति सूचक शब्दों के प्रयोग भी किए गए। उन्हें धमकी दी जा रही है कि यदि उन्हाेंने उनके पक्ष में वोट नहीं किया तो उनके पति को नहीं छोड़ा जाएगा।
एसएसपी के आदेश पर रात में ही सावित्री की तहरीर पर दोनों भाइयों पर अपहरण, दलित उत्पीड़न, डराने-धमकाने संबंधी धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया। सीओ तृतीय राजीव सिंह ने बताया कि फिलहाल पूरे प्रकरण की जांच चल रही है। इसकी रिपोर्ट के आधार पर ही आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।