फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

काली नदी में मगरमच्छ की मौत मामले में हुई जांच

विज्ञापन
विज्ञापन
पिलखना के गांव सिकंदरपुर में एक कल्मी सोड़ा फैक्ट्री से निकले जहरीले रसायनों से काली नदी में मगरमच्छ की मौत मामले की शनिवार को जांच हुई। जांच में फैक्ट्री तो बंद मिली। मगरमच्छ के बारे में पता चला कि वह तीन चार दिन पहले मरा हुआ कही से बहकर आया था और नदी में किसी लकड़ी से अटक कर रुक गया था। उसका पेट फटा था। प्रदूषण अफसरों ने बताया कि यह फैक्ट्री 17 फरवरी को ही बंद करायी है और इसमें मिले सोडा आदि को जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा गया है।
विज्ञापन

गत सायं डीएम वार रूम पर शिकायत मिली थी कि पिलखुना के गांव सिकंदरपुर स्थित काली नदी में वही हाल ही में स्थापित कलमी सोड़ा बनाने वाली फैक्ट्री के जहरीले रसायनों के चलते एक मगरमच्छ की मौत हो गई है। डीएम के आदेश पर प्रदूषण नियंत्रण विभाग की टीम ने मौके पर जाकर शनिवार को जांच की। क्षेत्रीय प्रदूषण नियंत्रण अधिकारी रामगोपाल ने बताया कि शिकायत में जिस फैक्ट्री गर्ग ट्रेडिंग कंपनी का उल्लेख हुआ है, उसे 17 फरवरी को ही बगैर लाइसेंस एवं मानकों का अनुपालन न करने के मामले में सील कर दिया गया है।
यहां से कल्मी सोडा एवं अन्य आइटमों के नमूने जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे हैं। शासन से इस फैक्ट्री को बंद कराने की संस्तुति की गई है। एसडीएम कोल संजीव ओझा ने बताया कि ग्रामीणों से बातचीत में पता चला है कि चार दिन पहले मगरमच्छ पीछे से बहकर आया था और किसी लकड़ी में अटक कर रुक गया। यहां यह करीब डेढ़ दिन फंसा रहा। उसके बाद बह गया।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें