गोस्वामी तुलसीदास की जयंती समारोह में राम जन्मभूमि का मामला भी चर्चा में आया। रामकथा वाचक अतुल कृष्ण महाराज ने कष्ट जाहिर करते हुए कहा कि वर्षों के लंबे संघर्ष के बाद भी अयोध्या में राम जन्मभूमि पर मंदिर नहीं बन पाया। पंडित मदन मोहन मालवीय ने अकेले संघर्ष कर मथुरा में श्रीकृष्ण भूमि का निर्माण कराया था। वे रविवार को डीएस कॉलेज ऑडिटोरियम में विश्व ब्राह्मण संघ के तत्वावधान में आयोजित गोस्वामी तुलसीदास जयंती समारोह को बतौर मुख्य वक्ता संबोधित कर रहे थे। इससे पूर्व दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का उद्घाटन एटा सांसद राजवीर सिंह राजू भैया ने किया। कार्यक्रम के संयोजक व विश्व ब्राह्मण संघ के प्रदेश अध्यक्ष राजेश भारद्वाज ने अतिथियों का स्वागत किया।
अतुल कृष्ण महाराज ने कहा कि गोस्वामी तुलसीदास का जन्म ऐसे समय में हुआ जब गद्दार लोग अकबर को भगवान के रूप में पेश कर रहे थे। तुलसीदास ने उस समय काशी सहित पूरे देश में रामलीला शुरू कराई। देश के प्रत्येक गांव में राजा रामचंद्र जी की जय के नारे लगे। इसकी वजह से तुलसीदास को जेल में डाला गया और तरह-तरह का प्रलोभन दिए गए। लेकिन तुलसीदास ने अकबर की कोई चीज स्वीकार नहीं की। उन्होंने कहा कि आज पूरे देश में हनुमान की जो मूर्ति देखते हैं, वह गोस्वामी तुलसीदास की देन है। भगवान के सारे अवतार उत्तर प्रदेश की भूमि पर हुए। भगवान का अगला कल्कि अवतार भी उत्तर प्रदेश के संभल में होगा।
एटा सांसद राजवीर सिंह राजू भैया ने बतौर मुख्य अतिथि कहा कि महापुरुषों की जाति नहीं होती। वह पूरे देश और समाज की धरोहर होते हैं। गोस्वामी तुलसीदास हम सब के लिए आदरणीय हैं। मंडलायुक्त अजयदीप सिंह ने इतिहासकार एवं भाषा वैज्ञानिक जार्ज अब्राहम ग्रियर्सन का हवाला देते हुए कहा कि भारत में बुद्ध के बाद सबसे बड़े लोकनायक तुलसीदास हुए। हिंदूधर्म में नवजीवन का संचार किया और धर्म को पुन: स्थापित किया। मुंबई से आए रवेंद्र साठे ने कहा कि हमें जातिवाद छोड़कर समाज के लिए कार्य करना चाहिए तभी हमारा देश तरक्की के रास्ते पर आगे बढ़ेगा। नगर विधायक संजीव राजा ने कहा कि हमें भगवान राम के चरित्र का अनुसरण करना चाहिए। कोल विधायक अनिल पाराशर ने कहा कि गोस्वामी तुलसीदास ने रामचरित मानस को घर-घर तक पहुंचाया। कार्यक्रम को अखिल भारत हिंदू महासभा की राष्ट्रीय सचिव डॉ. पूजा शकुन पांडेय, भाजपा के प्रदेश सचिव धर्मपाल प्रजापति, योगी महंत कौशलनाथ, पेटीएम की उमा पाठक आदि ने संबोधित किया। इस अवसर पर रजनी दिलेर, एमएलसी जगवीर किशोर जैन, डॉ. राजीव अग्रवाल, रजनीकांत महेश्वरी, राकेश गुप्ता सांई, ठा. श्यौराज सिंह, सुनील पांडेय, मधु मिश्रा, सावित्री वार्ष्णेय, दीपक शर्मा अन्नू आजाद, पवन वर्मा, डॉ. उमेश कुमारी, डॉ. सुरेश पचौरी आदि मौजूद थे। कार्यक्रम की अध्यक्षता संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष मांगेराम शर्मा ने किया। संचालन कवि गजेंद्र सोलंकी एवं लोकेश कुमार ने किया। अंत में राजेश भारद्वाज ने धन्यवाद ज्ञापित किया।
राम-लक्ष्मण की तरह पेश किए गए राजू-राजेश
राजनीति में कोई किसी का स्थायी दोस्त या दुश्मन नहीं होता है। यह नजारा रविवार को डीएस कॉलेज आडिटोरियम में विश्व ब्राह्मण संघ के तत्वावधान में आयोजित गोस्वामी तुलसीदास जयंती समारोह में देखने को मिला। कुछ साल पहले एटा सांसद राजवीर सिंह राजू भैया का पुतला फूंकने वाले लोग उनका गुणगान करने में जुटे थे। सियासत में ‘राज पैलेस’ के धुर विरोधी रहे राजेश भारद्वाज को राम-लक्ष्मण की तरह पेश किया गया। खास बात यह भी रही कि अलीगढ़ सांसद सतीश गौतम के करीबी लोग इस कार्यक्रम से दूर रहे।
करीब दो साल पहले एक मामले में विश्व ब्राह्मण संघ के प्रदेश अध्यक्ष व भाजपा के वरिष्ठ नेता राजेश भारद्वाज को जेल जाना पड़ा था। उस समय विश्व ब्राह्मण संघ के पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं द्वारा राजू भैया का जगह-जगह पुतला फूंका गया था। इस लड़ाई में लोधी समाज सहित कई संगठनों के लोग भी कूद गए थे। उससे पूर्व 2014 लोकसभा चुनाव के पहले टिकट को लेकर भी खींचतान हुआ था। राजस्थान के राज्यपाल कल्याण सिंह का हाथ सतीश गौतम के पीठ पर होने के कारण राजेश भारद्वाज के समर्थक नाराज थे। विधान सभा चुनाव के दौरान भी राजेश भारद्वाज पर पार्टी विरोधी गतिविधियों में संलिप्त रहने का आरोप लगा था और उन्हें छह साल के लिए पार्टी से निष्कासित करने की चर्चा हुई थी। हालांकि राजेश भारद्वाज का कहना है कि उन्हें पार्टी से निष्कासित करने से संबंधित कोई पत्र या लिखित सामग्री आज तक प्राप्त नहीं हुई और पार्टी के नेता लगातार उनके संपर्क में हैं। अब लोकसभा चुनाव के ठीक पहले राजपैलेस से प्रगाढ़ता बढ़ने पर राजनीतिक गलियारे में हलचल मच गई हैं। लोग इसे लोकसभा चुनाव से भी जोड़ कर देख रहे हैं। विश्व ब्राह्मण संघ के जिलाध्यक्ष पं. नरेंद्र देव कौशल, महानगर अध्यक्ष पं. विकास शर्मा, जिला महामंत्री अनिल पंडित, जिला उपाध्यक्ष भूरा पंडित, निकुंज द्विवेदी, सतीश उपाध्याय, दिनेश गौड़, डॉ. लोकेश, पं. डीके शर्मा, आशीष गौड़, मनोज भारद्वाज, चौधरी देवराज सिंह, ज्ञानेंद्र मिश्रा, ललित उपाध्याय आदि उपस्थित रहे।
मां की पेट से सांसद बनकर पैदा नहीं हुआ, जनता मेरी राजनीतिक मां
कस्बा पिसावा स्थित एक मैरिज होम में क्षेत्रीय जाट महासभा के पदाधिकारियों द्वारा जनप्रतिनिधियों एवं भाजपा पदाधिकारियों का सम्मान समारोह आयोजित किया गया। इसमें सांसद सतीश कुमार गौतम के अतिरिक्त जिलाध्यक्ष ठाकुर गोपाल सिंह एवं खैर विधायक अनूप प्रधान सहित कई भाजपा नेता शामिल हुए। इस कार्यक्रम को राजेश भारद्वाज के गोस्वामी तुलसीदास जयंती समारोह का जवाब के रूप में देखा जा रहा है।
इस मौके पर सांसद सतीश कुमार गौतम ने कहा कि मैं मां की पेट से सांसद बनकर नहीं पैदा हुआ। जनता की बदौलत सांसद बना हूं। जनता ही मेरी राजनीतिक मां है। इस क्रम में उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एवं केंद्र सरकार के कार्यों की जमकर तारीफ की और उसे किसान हैतैषी करार दिया। उन्होंने कहा कि जेवर में एयरपोर्ट बनने से अलीगढ़ एवं टप्पल का काफी विकास होगा। कार्यक्रम के भीड़ से सांसद बेहद उत्साहित है। इस अवसर पर प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य संदीप चाणक्य, चौधरी नत्थी सिंह, मीना कुमारी, डॉ. मानवेंद्र प्रताप सिंह, कृष्ण पाल सिंह लाला प्रधान, दिनेश कुमार, चंद्रमणि कौशिक, अर्पित तिवारी, विजय कुमार सिंह, हरेंद्र सिंह, सुरेश प्रधान, रवेंद्र प्रधान, निर्भय सिंह चौधरी, रणवीर सिंह, चौधरी तवीर सिंह आदि मौजूद थे।