महिला सशक्तिकरण, भारतीय संस्कृति और परंपराओं एवं पर्यावरण संरक्षण का संदेश देती तीन दिवसीय चित्रकला प्रदर्शनी ‘लावण्य’ मंगलायतन विश्वविद्यालय में बुधवार को प्रारंभ हुई। इस अवसर पर विषयों और रंगों के साथ अभिनव प्रयोगों के लिए नवोदित कलाकारों को दर्शकों की काफ ी प्रशंसा मिली।
प्रदर्शनी का उद्घाटन कुलपति ब्रिगेडियर (डॉ.) सुरजीत पाबला ने किया। उन्होंने प्रदर्शनी के अवलोकन के बाद नवोदित कला छात्रों के प्रयासों की प्रशंसा करते हुए उन्हें राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं में भाग लेने के लिए प्रेरित किया। प्रो वाइस चांसलर ब्रिगेडियर (डॉ.) पी.एस. सिवाच ने कला को सहेजने की आवश्यकता पर बल दिया।
प्रदर्शनी में अनुसूइया आर्ट सर्किल की प्रमुख चित्रकार डॉ. अनसूइया सिंह, प्रो. एस.पी. वर्मा, डॉ. अनीता वार्ष्णेय, डॉ. अनंता शांडिल्य, अंकिता अग्रवाल, अनुभा सिंह, डॉ. बदरजहां, डॉ. बरखा राघव, डॉ. मनीषा शर्मा आदि की पेंटिंग्स शामिल की गई हैं। विभाग के अंकित शर्मा, अंबिका, अनन्या अग्रवाल, दीपा कुशवाह, हर्षित सोनी, मोहित यादव, प्रज्जवल, साक्षी आदि की पेंटिंग्स भी सराही गई। अधिकांश पेटिंग्स में गूढ़ विषयों को आसानी के साथ समझाने का प्रयास किया गया है।
उद्घाटन कार्यक्रम में प्रो. जी.एस. अग्रवाल, कुलसचिव कमांडर मनजीत सिंह (रिटायर्ड), विभागाध्यक्ष प्रो. शोभारानी कुदेशिया, डॉ. मोनिका सिंह, देवाशीष गांगुली, देवाशीष चक्त्रस्वर्ती, अरविंद सिंधु, दीपक कुलश्रेष्ठ, अजय सिंह राठौड़, डॉ. पूनम रानी, प्रेमलता यादव आदि शामिल हुए। प्रदर्शनी 12 फरवरी तक आयोजित होगी। इसमें 64 पेंटिंग्स और सात फोटोग्राफ प्रदर्शित किए गए हैं।