जिले में पहली बार मोहन लाल गौतम राजकीय महिला चिकित्सालय में कंगारू मदर यूनिट की स्थापना की जा रही है।
जिस प्रकार कंगारू अपने बच्चे को एक विशेष प्रकार की थैली, जो कि मां की पेट से ही लगी रहती है, उसमें रखता है और बच्चे को हायपोथर्मिया (जन्म के बाद तापमान कम होने के कारण होने वाली समस्या, जिससे अधिकांश बच्चों की मौत हो जाती है) से बचाता है, उसी प्रकार इस कंगारू मदर यूनिट में भी मां को एक विशेष प्रकार गाउन दिया जाएगा, जिसको पहन कर मां इसी यूनिट में समय बिताएगी और बच्चे को गर्माहट देगी।
इस तरह के 100 गाउन आर्डर किए गए हैं। प्रदेश सरकार ने इस यूनिट की स्थापना करने के लिए एक लाख रुपये का बजट दिया है।
क्या होता है हाइपोथर्मिया में
महिला अस्पताल की सीएमएस डॉ. गीता प्रधान कहती हैं कि जन्म के बाद अगर नवजात को अनुकू ल गर्माहट भरा तापमान न मिले तो ठंडा शरीर पड़ने से उसकी धड़कन, नब्ज बंद होने से उसकी मौत हो सकती है। न्यूम्यूनिया आदि की भी समस्या हो जाती है।
क्या होगा इस कंगारू मदर यूनिट में
महिला अस्पताल की एसएनसीयू (सिक न्यूबोर्न चाइल्ड केयर यूनिट) परिसर में ही एक कमरे में इस कंगारू मदर यूनिट को बनाया जा रहा है। इसमें रेस्ट चेयर, फ्रिज, अलमारी, यूटेंसिल्स आदि साधन होंगे।
‘हमारे यहां एसएनसीयू में 14 बेड हैं, जिसमें सात बेड अस्पताल के लिए और सात बेड एक्सटर्नल मरीजों के लिए हैं। इस कंगारू मदर यूनिट के बन जाने से ऐसे बच्चों को मां के माध्यम से ही सही तापमान मिलेगा और वह जल्दी सामान्य होंगे। यहां पर मां को स्तनपान कराने या बच्चो को अपना दूध फीड कराने की भी सुविधा मिलेगी’
- डॉ. गीता प्रधान, सीएमएस, जिला महिला चिकित्सालय