एएमयू के जेएन मेडिकल कॉलेज में 14 जून देर रात फेल होने से आहत जूनियर डॉक्टर ने जहर खाकर आत्महत्या करने की कोशिश की है। उन्हें जेएन मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया, जहां उनकी हालत स्थिर है।
जेएन मेडिकल कॉलेज के पीडियाट्रिक के अंतिम वर्ष के आठ विद्यार्थी फेल हो गए हैं। पिछले दिनों परीक्षा परिणाम घोषित हुआ है। नतीजे में फेल आठ जूनियर डॉक्टर प्राचार्य से लेकर डीन तक से मुलाकात कर चुके हैं और धरना भी दे चुके हैं, लेकिन कोई समाधान नहीं निकला। फेल जूनियर डॉक्टरों ने एक प्रोफेसर पर जानबूझकर फेल करने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि उनके साथ अन्याय हो रहा है, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो रही है, जबकि हर जगह इन्साफ की गुहार लगा चुके हैं।
14 जून की रात 9 बजे पीडियाट्रिक के अंतिम वर्ष के छात्र असद ने जहर खा लिया। हालत बिगड़ने पर उन्हें जेएन मेडिकल कॉलेज लाया, जहां उन्हें प्राथमिक उपचार दिया गया। प्राथमिक उपचार के बाद उनकी हालत स्थिर है। इस संबंध में जेएन मेडिकल कॉलेज के मेडिकल सुपरिटेंडेट प्रो. सैयद अमजद अली रिजवी ने बताया कि जूनियर डॉक्टर ने विषाक्त पदार्थ खा लिया था। हालत बिगड़ने पर उन्हें मेडिकल कॉलेज के इमरजेंसी लाया, जहां उनकी हालत बेहतर है।