पंडित दीनदयाल उपाध्याय संयुक्त चिकित्सालय डॉक्टरों की कमी से जूझ रहा है। चिकित्सालय में मरीजों को पैथोलॉजी विभाग में जांच की रिपोर्ट लेने में कई घंटे इंतजार करना पड़ता है। पैथोलॉजी में खून, पेशाब, हेपेटाइटिस, बलगम, थॉयराइड की जांचें की जाती हैं। हेपेटाइटिस की रिपोर्ट में दो घंटे, तो वहीं हॉर्मोनल रिपोर्ट में दो से तीन घंटे का समय लगता है।
पैथोलॉजी विभाग में जांचों की कुल क्षमता तीन हजार है, मगर रोजाना क्षमता से अधिक लगभग चार हजार जांचें की जा रहीं हैं। जिसमें एक सैंपल में एलएफटी, वाइडल, केएफटी, सीबीसी आदि जांचे की जाती हैं। विभाग में दस लोगों की तैनाती है, मगर वर्तमान में दो - तीन लोग ही मशीनों पर जांच कर रहे हैं।
विभाग में लगभग सात-आठ लोगों की आवश्यकता है। जिससे मशीनों पर जल्द से जल्द जांच कर रिपोर्ट तैयार करके मरीजों को दी जा सके। पैथोलॉजी विभाग सुबह आठ बजे से खुलकर शाम पांच बजे तक खुलता है, जबकि लैब के बंद होने का समय दोपहर दो बजे तक का है। विभाग में जांच के लिए पांच मशीनें हैं जिसमें एक मशीन पर दो व्यक्ति की आवश्यकता होती है।
डॉक्टर अनिल चौधरी के अनुसार लैब में रोजाना 20 से 25 मरीजों के बलगम की जांच कर महीने में लगभग सात सौ मरीजों की जांच की जाती है। बलगम के बारह टेस्ट करने में आठ घंटे का समय लगता है। जबकि एफवी (एसिड फास्ट वेसिला) की जांच कर अगले दिन मरीज को रिपोर्ट दी जाती है।