फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Aligarh Accident: मोमोज खाकर लौट रहीं मासूम बहनों को मैक्स ने कुचला, एक की मौत, दूसरी मेडिकल में भर्ती

Sat, 03 Jan 2026 08:16 PM IST
चमन शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़

सार

मां ने छवि से खाना खाने के लिए कहा था, लेकिन वह कहने लगी कि पहले मोमोज खाएगी, फिर खाना खाएगी। पहले तो मां ने मना किया लेकिन मासूम बेटी की जिद के आगे वह झुक गई। मां ने 50 रुपये दिए तो छवि अपनी चचेरी बहन बुलबुल को साथ लेकर मोमोज खाने गई थी।
विज्ञापन
मृतक बच्ची छवि - फोटो : फाइल फोटो
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

गोंडा के गांव नगला बिरखू में खैर-टैटीगांव रोड पर रेहड़ी से मोमोज खाकर घर लौट रहीं मासूम बहनों को तेज रफ्तार मैक्स गाड़ी कुचलते हुए भाग निकली। हादसे में छवि (8) की मौके पर मौत हो गई, जबकि उसकी चचेरी बहन बुलबुल (11) गंभीर रूप से घायल हो गई। उसका जेएन मेडिकल कॉलेज में इलाज चल रहा है। हादसा ाशुक्रवार शाम करीब सात बजे का है।

विज्ञापन


गोंडा थाना पुलिस के अनुसार सेना में लद्दाख में तैनात गांव  नगला बिरखू निवासी महेश जादौन के तीन बेटियों और एक बेटे में तीसरे नंबर की बेटी छवि 2 जनवरी की शाम अपनी चचेरी बहन बुलबुल के साथ मोमोज खाने के लिए गई थी। घर से करीब सौ मीटर दूर खैर-टैटीगांव रोड पर रेहड़ी से मोमोज खाकर दोनों बहनें घर लौट रही थीं तभी मैक्स गाड़ी उन्हें कुचलते हुए टैंटीगांव की ओर भाग निकली। 

हादसे में छवि की मौके पर ही मौत हो गई। गंभीर रूप से घायल बुलबुल का जेएन मेडिकल कॉलेज में इलाज चल रहा है। सूचना पर थाना प्रभारी निरीक्षक सरिता सिंह पहुंच गईं। पुलिस ने शव मोर्चरी में रखवाया है। उसके पिता के आने का इंतजार किया जा रहा है। थाना प्रभारी निरीक्षक ने बताया कि मैक्स गाड़ी की तलाश की जा रही है। अभी परिवार से तहरीर नहीं मिली है। तहरीर मिलने पर रिपोर्ट दर्ज की जाएगी।

विज्ञापन
विज्ञापन

जिद कर मां से लिए थे 50  रुपये

परिजन के अनुसार 2 जनवरी की शाम करीब साढ़े छह बजे मां ने छवि से खाना खाने के लिए कहा था, लेकिन वह कहने लगी कि पहले मोमोज खाएगी, फिर खाना खाएगी। पहले तो मां ने मना किया लेकिन मासूम बेटी की जिद के आगे वह झुक गई। 

मां ने 50 रुपये दिए तो छवि ने अपनी चचेरी बहन बुलबुल को भी साथ चलने के लिए कहा। दोनों बहनें घर से करीब सौ मीटर की दूरी पर खैर-टैटीगांव रोड पर लगने वाली रेहड़ी पर पहुंचीं और मोमोज खाए। इसके बाद घर लौट रहीं थीं, तभी हादसे का शिकार हो गईं। कक्षा दो में पढ़ने वाली बेटी छवि की मौत से उसकी मां सहित दोनों बड़ी बहनों का रो-रोकर बुरा हाल था। 

उसकी मां बार-बार अपने आप को कोस रही थी कि बेटी को रुपये क्यों दे दिए? डांटकर चुप करा देती तो वह बाहर निकलती ही नहीं। परिजन ने बताया कि छवि से बड़ी बहन गौरी (12), रिया (10) और सबसे छोटा भाई केशव (2) है। वहीं घायल बुलबुल से बड़े दो भाई गगन (14) व आनंद (13) हैं। मासूम की मौत से परिवार सहित गांव में शोक व्याप्त है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें