फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

मैं शिवपाल से नहीं, मुलायम से ‘कह’ सकता हूं

Thu, 13 Oct 2016 01:12 AM IST
दीपक शर्मा
विज्ञापन
विज्ञापन
समाजवादी पार्टी में चल रही अंतर्कलह स्थानीय स्तर पर और बढ़ती जा रही है। आलम ये है कि स्थानीय कद्दावर नेता पार्टी आलाकमान में  सपा सुप्रीमो मुलायम सिंह यादव से तो बात करने को तैयार हैं लेकिन दूसरे कुछ नेताओं से उनका मन नहीं मिल रहा है।
विज्ञापन

सीधे-सीधे स्थानीय स्तर पर भी पार्टी अखिलेश और शिवपाल कैंप में बंट गई है। सीएम अखिलेश यादव को प्रदेश अध्यक्ष पद से हटाने के बाद उनके समर्थन में दिए गए सामूहिक इस्तीफों के साथ ही इसकी शुरुआत हो गई थी।
हालिया वाकया इस्तीफे के बाद से खाली हुए पदाधिकारियों के 11 पदों पर दावेदारी को लेकर चल रही जोड़तोड़ से जुड़ा है। पिछले दिनों इन्हीं पदों को लेकर कुछ दावेदार एक स्थानीय कद्दावर नेता के दरबार में पहुंचे।
विज्ञापन

यह नेता अखिलेश यादव के बेहद करीबी समझे जाते हैं। दावेदारों ने इनसे कहा कि वह उनके नाम की सिफारिश संगठन के नए मुखिया शिवपाल यादव से कर दें तो उनका काम हो जाएगा, लेकिन ये सुनते ही नेता जी ने संगठन के प्रदेश अध्यक्ष शिवपाल सिंह यादव से सिफारिश करने से हाथ खड़े कर दिए। हां, मुलायम सिंह यादव से सिफारिश करने की हामी जरूर भर दी। इस पर दावेदारों ने ही हाथ खींच लिए।
ऐसे ही एक दावेदार ने बताया कि अगर मुलायम सिंह यादव से सीधे सिफारिश हो गई और यह बात शिवपाल यादव को पता चल गई तो फिर जो थोड़ा बहुत काम होना होगा, उसकी भी संभावना खत्म हो जाएगी।
इसके बाद सभी दावेदार भारी मन से नेता के दरबार से वापस चले आए। गौरतलब है कि पार्टी में अंतर्कलह उभरने के बाद सपा के महानगर अध्यक्ष पद सहित ग्यारह पदाधिकारियों ने अपने पद से इस्तीफा दिया है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें