रूबी की शादी के बाद से ही उसे दहेज के लिए प्रताड़ित किया जाने लगा। घटना वाले दिन मारपीट कर व गला दबाकर हत्या कर दी। मामले में जेठ और जेठानी को बरी कर दिया गया। माामले में पति का 10 साल की सजा सुनाई गई है।
अलीगढ़ महानगर के गांधीपार्क क्षेत्र में पत्नी की दहेज के लिए हत्या के दोषी पति जितेंद्र उर्फ जीतू को दस वर्ष की सजा सुनाई गई है। साथ में 36 हजार रुपये अर्थदंड भी नियत किया है। यह निर्णय एडीजे तीन राकेश वाशिष्ठ की अदालत से सुनाया गया है।
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अभियोजन पक्ष के अनुसार ये घटना दस मार्च 2021 की है। वादी गंगुलपुर विजयगढ़ के प्रवेश कुमार ने मुकदमा दर्ज कराया कि उन्होंने अपनी बहन रूबी की शादी गांधीपार्क मोहल्ला धोबियान के जितेंद्र उर्फ जीतू संग 14 फरवरी 2020 को की थी। शादी के बाद से ही उसे दहेज के लिए प्रताड़ित किया जाने लगा। घटना वाले दिन मारपीट कर व गला दबाकर हत्या कर दी।
मुकदमे में पति के अलावा दो जेठ, एक जेठानी व एक जेठ के बेटे को नामजद किया। पुलिस ने मुकदमे के आधार पर पति के अलावा एक जेठ जगमोहन व जेठानी पप्पी पर चार्जशीट दायर की। न्यायालय में सत्र परीक्षण हुआ। साक्ष्यों व गवाही के आधार पर पति को दहेज हत्या का दोषी करार देकर सजा सुनाई है, जबकि जेठ-जेठानी को बरी कर दिया गया।