राॅबी की नहीं हो सकेगी अभी रिहाई
बेशक इस हत्याकांड में तीनों नामजद को हाईकोर्ट से राहत मिल गई है, लेकिन सबसे खास बात है कि इस हत्याकांड से बरी हुए एक आरोपी संजीव उर्फ रॉबी की अभी रिहाई नहीं हो सकेगी। इसकी वजह यह है कि रॉबी को पूर्व विधायक मलखान सिंह हत्याकांड में भी उम्रकैद की सजा सुनाई जा चुकी है, इसलिए अभी इस आदेश के आने के बाद कालू व योगेश की अगले एक दो दिन में रिहाई के संकेत हैं।
डीएस कॉलेज की गुटबाजी रही थी सुर्खियों में
जिस समय संजीव चौधरी की हत्या हुई थी, उस समय डीएस कॉलेज के छात्र गुटों की गुटबाजी खासी सुर्खियों में रही थी। इस घटना को लेकर तरह तरह की चर्चाएं रही थीं। चूंकि खुद हत्या के समय संजीव के शव से पुलिस ने परीक्षा संबंधी प्रपत्रों के साथ हथियार व कारतूस बरामद किए थे। इसलिए यह चर्चा रही थी कि यह हत्या उसी गुटबाजी में हुई है।