हाईकोर्ट ने जिला प्रशासन और नगर निगम को खैर रोड स्थित इंदिरा नगर में नलकूप बोरिंग के चलते मकान धंसने के प्रकरण को तीन महीने में निस्तारित करने के निर्देश दिए हैं। खैर रोड के इंदिरा नगर में सरोज देवी के मकान के पास नगर निगम के जलकल विभाग ने बोरिंग कराया था। सरोज देवी का आरोप है कि बोरिंग के चलते उनका मकान करीब 10 फीट तक नीचे धंस गया।
इस शिकायत के बाद भी नगर निगम के अफसरों से लेकर कलेक्ट्रेट तक खूब चक्कर लगाए, लेकिन समस्या का कोई समाधान नहीं हुआ। इसको लेकर पीड़िता ने हाईकोर्ट में शरण लेते हुए डीएम, नगर आयुक्त व जलकल विभाग के महाप्रबंधक समेत जिला प्रशासन व नगर निगम से जुड़े अफसरों को पार्टी बनाया है। सिटी मजिस्ट्रेट प्रदीप वर्मा ने बताया कि इस मामले में हाईकोर्ट ने प्रशासन व नगर निगम को तीन माह में समस्या का समाधान कराने के निर्देश दिए। आरोप है कि निर्धारित समय में ऐसा नहीं हो सका। इसको लेकर सरोज देवी अवमानना के लिए दोबारा हाईकोर्ट चली गईं। अब प्रशासन व नगर निगम को सरोज देवी की समस्या के समाधान करने का समय दिया गया है। समस्या समाधान को नगर निगम व शिकायतकर्ता से दस्तावेज मांगे गए हैं।