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हाथरस कांड: चारों आरोपी नार्को, पॉलीग्राफी व ब्रेन मैपिंग जांच को गुजरात पहुंचे

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हाथरस कांड के चारों आरोपियों का नार्को, पॉलीग्राफी व ब्रेन मैपिंग परीक्षण होगा। सीबीआई ने हाथरस न्यायालय से इसकी अनुमति लेने के बाद चारों आरोपियों को शनिवार रात अलीगढ़ कारागार से लेकर रविवार को गुजरात पहुंचा दिया। इन चारों को हाथरस की पुलिस गारद की सुरक्षा में ले जाया गया। जब तक इनकी यह जांच पूरी नहीं हो जाएंगी, तब तक ये चारों गुजरात की गांधी नगर जेल में रहेंगे। इस बात का उल्लेख हाथरस न्यायालय ने अपने आदेश में किया है।
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हाथरस के चंदपा में बेटी की दुष्कर्म और हत्या के मामले में चार आरोपी अलीगढ़ जिला कारागार में निरुद्ध हैं। घटना की जांच सीबीआई द्वारा की जा रही है। घटना को लेकर तरह-तरह के सवाल उठने के कारण सीबीआई ने कई दिन तक और कई घंटे तक आरोपियों से पूछताछ की थी। सूत्रों के अनुसार चारों ने पूछताछ में नार्को जांच, पॉलीग्राफी जांच व ब्रेन मैपिंग परीक्षण की सहमति दे दी थी। इनकी यह सहमति मिलने के बाद जांच एजेंसी सीबीआई ने हाथरस के एडीजे-एससीएसटी एक्ट न्यायालय में चारों का पॉलीग्राफी व ब्रेन मैपिंग परीक्षण कराने की अनुमति मांगी। अनुमति आवेदन में यह भी अनुरोध किया कि यह परीक्षण गुजरात के गांधीनगर स्थित प्रयोगशाला में कराए जाएंगे। इसके लिए चारों को वहां ले जाया जाएगा।
सीबीआई के इस अनुरोध पर अदालत ने शुक्रवार को अनुमति देते हुए आदेश में उल्लेख किया कि जरूरत के अनुसार परीक्षण प्रक्रिया पूरी होने तक चारों को गांधी नगर की जेल में रखा जाएगा। यह आदेश मिलने के बाद सीबीआई ने हाथरस एसपी से चारों को अलीगढ़ जेल से गांधी नगर गुजरात तक पहुंचाने के लिए सुरक्षा मांगी। इसी क्रम में एसपी हाथरस ने पुलिस लाइन से सुरक्षा गारद व वाहन का इंतजाम कराते हुए शनिवार देर शाम चारों को जेल से अभिरक्षा में लिया और गुजरात रवाना कराया। रविवार को ये चारों गुजरात पहुंच गए हैं। अब एक दो दिन में वहां इनके परीक्षण की प्रक्रिया पूरी होगी। इसके बाद ही इन्हें वापस लाया जाएगा। वरिष्ठ कारागार अधीक्षक आलोक सिंह ने बताया कि अदालत का आदेश प्राप्त हुआ है, जिसके आधार पर चारों को हाथरस पुलिस की अभिरक्षा में गांधी नगर भेजा गया है।
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ये होता है इन परीक्षणों में
-नारको परीक्षण में किसी व्यक्ति को बेहोशी का इंजेक्शन देकर उससे पूछताछ की जाती है।
-पॉलीग्राफी में बिना बेहोश किए ही उससे पूछताछ होती है और मन: स्थिति भांपी जाती है।
-ब्रेन मैपिंग में पूछताछ के समय दिमागी संतुलन का अध्ययन विशेषज्ञों द्वारा किया जाता है।
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