शहर को मिल जाएगा दूसरा सेंटर पॉइंट
कॉलोनी के ठीक बीचों-बीच एक खूबसूरत सेंटर पॉइंट विकसित किया जाएगा, जिसके आसपास व्यावसायिक गतिविधियों के लिए भूखंड आरक्षित किए गए हैं। इस तरह शहर में पहले से मौजूद एक सेंटर पॉइंट के अलावा यह दूसरा सेंटर पॉइंट होगा। यह पूरी योजना नई भवन उपविधि-2025 के नियमों के अनुरूप तैयार की गई है। लगभग 700 करोड़ रुपये की लागत वाली इस विशाल परियोजना के लिए प्रदेश सरकार अब तक 350 करोड़ रुपये का फंड उपलब्ध करा चुकी है, जबकि शेष राशि का खर्च एडीए अपने संसाधनों से उठा रहा है।
2023 में रखी गई योजना की नींव
इस योजना की नींव सितंबर 2023 में किसानों की आपसी सहमति से भूमि खरीद के साथ शुरू हुई थी। एडीए अब तक लगभग 250 हेक्टेयर भूमि अपने कब्जे में ले चुका है, जिसमें करीब 230 हेक्टेयर जमीन किसानों से सीधे खरीदी गई है और 20 हेक्टेयर सरकारी भूमि का पुनर्ग्रहण किया गया है। खास बात यह है कि इस पूरी प्रक्रिया में पारदर्शिता बरतते हुए किसानों को अब तक लगभग 500 करोड़ रुपये का मुआवजा भी वितरित किया जा चुका है।
एडीए द्वारा इस योजना का विस्तृत ले आउट पूरी तरह तैयार कर लिया गया है। छह अगस्त को होने वाली एडीए की बोर्ड बैठक में इस पर औपचारिक मुहर लगते ही ले आउट को अंतिम स्वीकृति मिल जाएगी। इसके बाद सितंबर में इस ड्रीम प्रोजेक्ट के लॉन्च होने का रास्ता पूरी तरह साफ हो जाएगा।- कुलदीप मीणा, उपाध्यक्ष, एडीए