जिले के अनसुलझे आपराधिक घटनाक्रमों को सुलझाने के लिए पॉलीग्राफ परीक्षण कराने के क्रम में एक और मुकदमे में यह प्रक्रिया अपनाई जा रही है। इस बार लोधा क्षेत्र की एक युवती के अपहरण में चार लोगों का पॉलीग्राफ कराने के लिए न्यायालय से अनुमति मांगी गई है। इससे पहले इगलास के एक हत्याकांड में छह लोगों का पॉलीग्राफ परीक्षण कराया जा चुका है, जिसकी रिपोर्ट आना बाकी है। इस तरह सूबे में अपना जिला पहला ऐसा जिला है, जहां यह कवायद की जा रही है।
जिले में अनसुलझे (ब्लाइंड केस) प्रकरणों पहली बार ऐसा हो रहा है कि सही आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पॉलीग्राफी परीक्षण कराया जा रहा है। ऐसा प्रदेश में सामान्य केसों में कभी होते नहीं देखा गया। पिछले सप्ताह इगलास के एक पॉलीटेक्निक छात्र की हत्या में यह प्रक्रिया पूरी हुई है। इसमें सीबीआई टीम की मदद ली गई, जिसकी परीक्षण रिपोर्ट जल्द ही आने की उम्मीद है।
अब लोधा क्षेत्र में चार माह पूर्व एक युवती के अपहरण में यह प्रक्रिया अपनाई जा रही है। अभी तक युवती की बरामदगी नहीं हुई, जबकि उसमें पिता-पुत्र जेल भी जा चुके हैं। लंबे समय तक इस मामले में लोगों ने प्रदर्शन भी किए। एसएसपी मुनिराज जी के निर्देश पर जेल गए दोनों आरोपियों व दो अन्य लोगों का पालीग्राफ कराने की न्यायालय से अनुमति मांगी गई है। अनुमति मिलते ही सीबीआई टीम से अनुरोध कर उसे यहां बुलाया जाएगा।
-इगलास प्रकरण की तर्ज पर लोधा क्षेत्र की युवती के अपहरण में चार लोगों का पॉलीग्राफी परीक्षण कराने की प्रक्रिया कराई जाएगी। इसके लिए न्यायालय से अनुमति मांगी गई है।
- मुनिराज जी, एसएसपी