पशुओं को खुरपका-मुंहपका (एफएमडी) रोग से बचाने के लिए बुधवार को अतरौली में एफएमडी टीकाकरण के आठवें चरण का शुभारंभ किया गया। पूर्व ब्लॉक प्रमुख केहर सिंह राजपूत ने टीकाकरण टीमों को हरी झंडी दिखाकर गांवों के लिए रवाना किया।
डिप्टी सीवीओ डॉ. विनोद ढाका ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों में पशुपालन लोगों की आय का प्रमुख स्रोत है। ऐसे में पशुओं को खुरपका-मुंहपका रोग से बचाने के लिए शत-प्रतिशत टीकाकरण बेहद जरूरी है। उन्होंने बताया कि यह टीका पूरी तरह सुरक्षित है। नियमित टीकाकरण से पशु स्वस्थ रहते हैं और दूध उत्पादन में भी वृद्धि होती है।
विकासखंड बिजौली में भी खुरपका-मुंहपका टीकाकरण अभियान का शुभारंभ किया गया। ब्लॉक प्रमुख उमेश यादव ने टीकाकरण वाहन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। पशु चिकित्साधिकारी डॉ. पंकज कुमार ने बताया कि विकासखंड में टीकाकरण के लिए तीन टीमों का गठन किया गया है। अभियान की शुरुआत संभावित बाढ़ प्रभावित क्षेत्र की ग्राम पंचायत दीनापुर से की गई है।