अलीगढ़ के नुमाइश ग्राउंड स्थित पटाखा बाजार में पटाखे खरीदने पहुंचे छात्रों और विक्रेता के बीच विवाद का मामला सामने आया है। विवाद बढ़ा तो दुकान से पैसे लूटे जाने की सूचना दे दी गई, जिससे मौके पर हड़कंप मच गया। हालांकि, पुलिस की त्वरित जांच और सीसीटीवी फुटेज खंगालने के बाद लूट की सूचना पूरी तरह से फर्जी और अफवाह साबित हुई।
ब्रांड को लेकर बहस, फिर झूठी अफवाह जानकारी के अनुसार, नुमाइश ग्राउंड में पटाखा विक्रेता रिंकू सिंह ने आरोप लगाया कि कुछ छात्र दुकानों के पास पटाखे चला रहे थे। जब उन्हें ऐसा करने से रोका गया, तो वे झगड़े पर आमादा हो गए। रिंकू सिंह का दावा था कि इस धक्का-मुक्की और विवाद के दौरान उनकी जेब से पैसे निकल गए। लूट की सूचना मिलते ही पुलिस टीम तत्काल मौके पर पहुंची और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज निकलवाई।
फुटेज के आधार पर पुलिस ने दो छात्रों को हिरासत में लेकर थाने में पूछताछ की। जांच में सामने आया सच: सीओ सेकंड मामले की जानकारी देते हुए सीओ सेकंड धनंजय सिंह ने बताया कि सीसीटीवी फुटेज और हिरासत में लिए गए छात्रों से पूछताछ में सच्चाई सामने आ गई है। पटाखा खरीदने के दौरान ब्रांड (कंपनी) को लेकर दोनों पक्षों में कहासुनी और विवाद हुआ था। लूट की सूचना पूरी तरह मनगढ़ंत और झूठी पाई गई है। पुलिस मामले की जांच कर आगे की वैधानिक कार्रवाई कर रही है।