नागरिकता संशोधन कानून के विरोध प्रदर्शन के बीच 15 दिसंबर को एएमयू कैंपस में हुई पुलिस कार्रवाई को लेकर छात्रों में कुलपति व रजिस्ट्रार के प्रति बेहद गुस्सा है। इस गुस्से का इजहार उनके खिलाफ सामाजिक बहिष्कार के पोस्टर लगाकर भी किया जा रहा है। जिसमें दोनों के फोटो भी लगाए गए हैं। इन पोस्टरों को लगने की जानकारी इंतजामिया तक पहुंचने पर सिविल लाइंस में अज्ञात लोगों पर मुकदमा दर्ज कराया गया है।
एएमयू प्रॉक्टर कार्यालय के सिक्योरिटी इंस्पेक्टर जावेद उरर्हमान की ओर से सिविल लाइंस में अज्ञात लोगों पर दर्ज कराए गए मुकदमे में कहा गया है कि कुछ शरारती तत्व यूनीवर्सिटी और शहर का माहौल बिगाड़ने की नीयत से नगर के विभिन्न क्षेत्रों में आपत्तिजनक पोस्टर लगा रहे हैं। इन पोस्टरों के द्वारा कुलपति व रजिस्ट्रार महोदय के विरुद्ध घृणा फैलाने व जनसाधारण को भड़काने की चेस्टा की जा रही है। इससे वातावरण खराब होने की आशंका है। साथ में कुलपति व रजिस्ट्रार महोदय की जान व माल को हानि हो सकती है। मुकदमे में ऐसे लोगों को चिह्नित कर उनके खिलाफ कार्रवाई का अनुरोध किया गया है। इंस्पेक्टर सिविल लाइंस अमित कुमार ने मुकदमा दर्ज किए जाने की पुष्टि की है।