अलीगढ़। चावल और गेहूं की किनकी में लैड क्रोमेड और मिर्च पाउडर में क्रत्रिम रंगों का इस्तेमाल धड़ल्ले से हो रहा है। यही नहीं पिसे हुए चावल और आटे में भी जबरदस्त मिलावट हो रही है। जिलाधिकारी डा. बलकार सिंह को इसकी खबर मिली तो एफडीए टीम ने देहलीगेट पुलिस के साथ मंगलवार दोपहर को हाथरस वाला पेंच और घुड़ियाबाग में छापा मारा। जिसमें आठ लाख रुपये का माल और तीन लाख रुपये की मशीनरी को सील कर दिया गया है।
एफडीए के अभिहित अधिकारी चंदन पांडेय ने बताया कि देहलीगेट थाना क्षेत्र में हाथरस वाला पेंच में गौरीशंकर पुत्र बद्री प्रसाद की मसाला पीसने की फैक्ट्री है। जिसमें लाखों रुपये का माल रोजाना बनाया जाता है। इस फैक्ट्री का लाइसेंस भी नहीं है। कार्रवाई के लिए एसपी सिटी के आदेश पर पुलिस की एक पार्टी साथ में गई। यहां पर लैड क्रोमेड पिसे चावल, गेहूं में मिलाया जा रहा है। वहीं मिर्च में क्रत्रिम रंग मिलाए जा रहे हैं।
गौरीशंकर ने पूछताछ में स्वीकार किया कि महावीरगंज और कनवरीगंज के आधा दर्जन कारोबारी उससे जुड़े हैं। टीम ने हाथरस वाला पेंच से निकल कर घुड़ियाबाग में पवन लाला के यहां पर छापा मारा। यहां पर एक लाख रुपये का मिलावटी खाद्य पदार्थ सील कर दिया गया है।
अधिकारियों ने बताया कि मिर्च साबुत, साइट्रिक एसिड, चावल और गेहूं की किनकी, लाल रंग का तेल, चावल और आटा के बोरे मौके से मिले हैं। हाथरस वाला पेंच से सात लाख रुपये का माल बरामद हुआ है। यहां पर तीन लाख की मशीनरी पकड़ी गई है। गौरीशंकर से देहलीगेट पुलिस पूछताछ कर रही है।
इस मामले में खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत आरोपी को छह साल या आजीवन कारावास हो सकता है। ये पूरा संगठित गिरोह है जिसमें महावीरंज और कनवरीगंज के कारोबारी भी शामिल हैं।