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Aligarh News: भाजपा में गुटबाजी तेज, सोशल मीडिया पर उखाड़े जा रहे विवादों के गड़े मुर्दे

Sun, 23 Mar 2025 01:54 AM IST
अलीगढ़ ब्यूरो अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़

सार

अब चूंकि मंडल अध्यक्ष, जिलाध्यक्ष और महानगर अध्यक्ष के चुनाव का दौर चल रहा है तो नेताओं से जुड़े पुराने विवादों को उजागर किया जा रहा है, जिससे उनके नाम पर विचार न किया जाए।
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भाजपा - फोटो : प्रतीकात्मक
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विस्तार
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भारतीय जनता पार्टी में महानगर अध्यक्ष पद को लेकर रार बढ़ती जा रही है। जिन नेताओं ने इस पद के लिए दावेदारी की है उनसे जुड़े पुराने विवाद सोशल मीडिया पर मैसेज डालकर याद दिलाए जा रहे हैं। कई गुटों में बंटे कार्यकर्ता अपने पक्ष के दावेदार की मजबूत पैरवी में जुटे हैं। सभी गुटों के नेता इस घटनाक्रम की जानकारी दिल्ली और लखनऊ में बैठे अपने चहेते नेताओं को दे रहे हैं।

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केंद्र और प्रदेश में भाजपा की सरकार बनने के बाद कई दलों के नेता भाजपा में शामिल हुए हैं। इसके अलावा कई नेता पिछले कुछ सालों में अन्य दलों में घूमकर वापस भाजपा में आ चुके हैं। कुछ ऐसे नेता भी हैं, जिन पर विधानसभा और लोकसभा चुनावों में विपक्षी दलों के प्रत्याशियों को चुनाव लड़ाने के आरोप लगे हैं। इसी बीच ऐसे नेताओं की लंबी सूची है जो विवादों में शामिल नहीं रहे हैं।

अब चूंकि मंडल अध्यक्ष, जिलाध्यक्ष और महानगर अध्यक्ष के चुनाव का दौर चल रहा है तो नेताओं से जुड़े पुराने विवादों को उजागर किया जा रहा है, जिससे उनके नाम पर विचार न किया जाए। इसके पीछे एक कारण यह भी है कि यदि पार्टी ने अध्यक्ष पद पर नाम घोषित कर दिया और उसका विरोध किया गया तो अनुशासनहीनता में कार्रवाई का डर है।

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इसलिए घोषणा से पूर्व ही पर्याप्त विरोध करके उस नेता को दौड़ से बाहर करने का प्रयास चल रहा है। सोशल मीडिया पर जो मैसेज डाले जा रहे हैं उनमें लिखा जा रहा है कि महानगर अध्यक्ष पद पर ऐसे नेता दावेदारी कर रहे हैं जिन्होंने बसपा को लोकसभा अथवा विधानसभा का चुनाव लड़ाया है। यहां तक लिखा जा रहा है कि 10 सरदार बनाओ, सभी चार-चार माह का कार्यकाल पूरा करेंगे।

सांसद बोले- प्रदेश नेतृत्व ने नहीं ली सलाह, निर्णय मान्य होगा
अलीगढ़ महानगर अध्यक्ष पद की कमान किसी बाहरी तथा विद्रोही नेता को न देकर पुराने गैर विवादित नेता को देने की मांग को लेकर भाजपा के कई वरिष्ठ नेता शनिवार को सांसद सतीश गौतम के पास पहुंच गए। नेताओं ने कहा कि महानगर अध्यक्ष पद का नाम प्रदेश नेतृत्व से थोपा नहीं जाना चाहिए। स्थानीय स्तर पर जनप्रतिनिधियों से चर्चा करने के बाद सहमति से ही घोषणा की जाए। सांसद ने कार्यकर्ताओं की मांग प्रदेश नेतृत्व तक पहुंचाने का आश्वासन दिया।

भाजपा के पूर्व महानगर अध्यक्ष विवेक सारस्वत, महानगर महामंत्री वैभव गौतम, क्षेत्रीय मंत्री अनीता जैन, महानगर उपाध्यक्ष संजय गोयल, जितेंद्र जीतू, सुबोध स्वीटी, महानगर मंत्री संजू बजाज, भाजयुमो महानगर अध्यक्ष अमन गुप्ता, रघुवीरपुरी मंडल अध्यक्ष बीडी शर्मा, ऋषि वर्मा जयगंज मंडल अध्यक्ष, पंकज वर्मा सिविल लाइन मंडल अध्यक्ष, महिला मोर्चा महानगर मंत्री सीमा गौतम के अलावा करीब 20 वार्डों के पार्षद मौजूद रहे। इस संबंध में सांसद ने कहा कि प्रदेश नेतृत्व से कोई सलाह नहीं ली गई है, लेकिन जो भी निर्णय होगा वह मान्य होगा।
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