जुमा अलविदा की नमाज कोविड-19 के प्रोटोकाल के तहत मस्जिदों व घरों पर पढ़ी गई। इसके लिए शहर मुफ्ती मोहम्मद खालिद हमीद ने लोगों से अपील की थी। रमजान महीने के अंतिम शुक्रवार को जुमा अलविदा की नमाज पढ़ने के लिए ज्यादातर लोगों ने नए कपड़े खरीदे व सिलवाए थे।
ऊपरकोट स्थित जामा मस्जिद में कोविड-19 की गाइडलाइंस के तहत नमाजी थे। नमाज के दौरान देश में कोरोना महामारी से निजात दिलाने के लिए दुआ की गई। मस्जिदों में नमाजियों की तादाद कम रखने के लिए बृहस्पतिवार को शहर मुफ्ती मोहम्मद खालिद हमीद ने वीडियो जारी करके लोगों से अपील की थी।
समाजसेवी गुलजार अहमद ने बताया कि शहर मुफ्ती ने जो अपील की थी, उसका पालन किया गया है। उधर, जुमा अलविदा की नमाज नगर निगम के मीडिया सहायक अहसन रब ने अपने बेटे मीर के घर पर पढ़ी। कोरोना महामारी से दिलाने के लिए दुआ की।