अपने पालतू कुत्ते के साथ अर्पित गुप्ता
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कुत्ते को यूं ही वफादार और समझदार नहीं कहा जाता। मालिक पर मुसीबत आए तो कुत्ता अपनी जान देकर भी मालिक की जान बचाने से गुरेज नहीं करता। फिल्म 'तेरी मेहरबानियां' में भी ऐसा ही देखने को मिलता था। छर्रा में यह वाकया स्वयं एक युवक के साथ गुजरा जिसमें पालतू कुत्ते ने अपनी जान देकर अपने मालिक की जान बचा ली। छर्रा कस्बे के लोग कुत्ते की इस वफादारी व समझदारी पर खूब चर्चा कर रहे हैं।
मामला मंगलवार की रात करीब 9 बजे का है। कस्बे के कासगंज रोड निवासी मुकेश महाजन का 25 वर्षीय पुत्र अर्पित गुप्ता मंगलवार की रात भोजन करने के बाद अपने पालतू कुत्ते के साथ टहलने निकले थे। रात करीब नौ बजे घर के लिए लौटते समय सामने से आ रहे तेज रफ्तार ट्रक की आवाज व नहीं सुन सके।
इस पर साथ चल रहे पालतू कुत्ते ने उनका हाथ पकड़कर साइड से गिरा दिया। इतनी देर में ट्रक कुत्ते को कुचलते हुए निकल गया। इस तरह पालतू कुत्ते ने अपने मालिक अर्पित गुप्ता की जिंदगी बचाकर खुद की जान दे दी। इस वफादार कुत्ते की वजह से बेटे की जिंदगी बचने से मुकेश महाजन के परिवार समेत कस्बे के लोग भी इस पालतू पशु की वफादारी व समझदारी की जमकर सराहना कर रहे हैं।