गर्मी के कारण अस्पतालों में मरीज बेहाल हैं। अस्पतालों में उल्टी, दस्त, पीलिया, डायरिया के साथ पेचिश के मरीज आ रहे हैं। बच्चे गर्मी से सर्वाधिक प्रभावित हैं। वहीं अस्पताल केवल रेफरिंग सेंटर बन गए हैं। सुविधाएं न होने के कारण अधिकतर मरीजों को प्राथमिक उपचार देकर रेफर कर दिया जाता है।
जिला अस्पताल मलखान सिंह और दीनदयाल अस्पताल की इमरजेंसी में रविवार को करीब 200 से अधिक मरीज आए। इमजेंसी में ज्यादातर मरीज उल्टी, दस्त, बुखार, डायरिया के पहुंचे। बच्चा वार्डों में भी मरीजों की संख्या अच्छी खासी रही। जिला अस्पताल के बच्चा वार्ड करीब 18 मरीज भर्ती थे। जिनका उपचार किया जा रहा है। इसके अलावा अस्पतालों में कोल्ड रूम भी बनाए गए हैं। रोजाना एक-दो लू के लक्षण वाले मरीज पहुंच रहे हैं। बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. केके शर्मा ने बताया कि गर्मी बढ़ने से पेचिश और डायरिया की समस्या बढ़ रही है। अस्पतालों में लू के लक्षण वाले मरीज भी आ रहे हैं। ऐसे हालात में मरीज सावधानी बरतें। बाहर की चीजों के सेवन से बचें। अपने आसपास साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखें। संवाद
तायल.....