थाना क्षेत्र के गांव मनीपुर में बुधवार सुबह करीब साढ़े सात बजे महाशिवरात्रि पर जलाभिषेक के दौरान मंदिर की दीवार ढह गई, जिसके नीचे दबने से एक बालक की मौत हो गई। इस बच्चे का पिता कांवड़ लाकर परिवार के सदस्यों के साथ इस मंदिर में जलाभिषेक करने गया था। जानकारी मिलते ही गांव के सैकड़ों लोग मौके पर पहुंच गए और आनन फानन दीवार के मलबे को हटावा गया लेकिन बच्चे को बचाया नहीं जा सका। बच्चे की मौत से पूरा परिवार बदहवास हो गया है।
गांव मनीपुर निवासी ऐदलसिंह पुत्र गजराज सिंह बघेल मंगलवार को गांव के अन्य लोगों के साथ कावड़ भरने नरौरा के गंगा घाट गया था। बुधवार की सुबह उसके गांव लौट आने की जानकारी होने पर परिवार की महिलाएं व ऐदलसिंह के तीनों पुत्र अंकित, विशाल व विष्णु भी मंदिर पर जलाभिषेक करने के लिए पहुंच गए।
ऐदलसिंह तीन मंदिरों पर जलाभिषेक करने के बाद गांव के ही शिव मंदिर, धर्मशाला पर जलाभिषेक करने पहुंचा। इसी दौरान समय सुबह लगभग 7.30 बजे मंदिर की दीवार अचानक भरभरा कर गिर गई। इस दीवार के सहारे खड़ा उसका पुत्र अंकित (10) मलबे के नीचे दब गया। इसकी जानकारी होने पर गांव की सैकड़ों लोग मंदिर पर पहुंच गए।
आनन फानन मलबे को हटा कर बच्चे को बाहर निकाला गया तो उसके मुंह से खून निकल रहा था। ग्रामीणों ने डाक्टर को बुलवा कर बच्चे को बचाने का प्रयास किया लेकिन उसकी मौत हो गई। घटना की सूचना पाकर थाना अध्यक्ष विनोद पवार, एलआईयू इंस्पेक्टर देवीराम व क्षेत्रीय लेखपाल एवं ब्लाक प्रमुख मुकेश कुमार भी मौके पर पहुच गए। पुलिस ने पंचनामा कर शव परिजनों को सौंप दिया। अंकित की मौत के बाद गांव के लोग शोक में डूबे हुए हैं। ग्रामीणों ने अंकित के परिजनों को मुआवजा दिलाने की मांग की है।