लोकसभा चुनाव से ऐन पहले पुलिस द्वारा अवैध हथियारों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के क्रम में गुरुवार रात गांधीपार्क पुलिस ने एक तमंचा फैक्टरी पकड़ी है। यहां से दो शातिर अपराधी तमंचा बनाते हुए धरे गए। इनके पास से 26 बने और 23 अधबने तमंचों सहित भारी मात्रा में उपकरण हाथ लगे।
यहां से तमंचों की सप्लाई मध्य प्रदेश के भिंड जिले के अलावा आसपास के जिलों में की जाती थी। पकड़ा गया फैक्टरी संचालक इस धंधे का पेशेवर है। वह पिछले करीब दस साल से यह कारोबार कर रहा है। पूर्व में भी इसी धंधे में जेल जा चुका है।
एसपी सिटी अभिषेक ने पुलिस लाइन में शुक्रवार को प्रेसवार्ता में बताया कि एसओजी की रडार पर तमंचा फैक्टरी थोड़े समय पहले आई थी। इसके बाद थाना पुलिस और एसओजी टीम ने संयुक्त रूप से दबिश देकर गांधी पार्क के सिंधौली नाले की पुलिया पर खंडहर में चलती हुई फैक्टरी पर दबिश दी। यहां से मुकेश पुत्र रामेश्वर व पवन पुत्र रामेश्वर निवासी नूरपुर, गोंडा को तमंचा बनाते हुए पकड़ा।
दोनों वर्तमान में कृष्णा पुरी, मठिया पाड़ा, सासनी गेट में रह रहे थे। यह दोनों मथुरा, आगरा, कासगंज सहित मध्य प्रदेश के भिंड जिले के अपराधियों को तमंचे की सप्लाई करते थे। इससे पूर्व में भी मुकेश थाना सासनी गेट व गांधीपार्क से इसी धंधे में जेल जा चुका है। हाल ही में उसने भिंड में 60 तमंचों की सप्लाई दी थी। अब उसे अपने जिले के अलावा आसपास के जिलों में यह सप्लाई देनी थी।
इनके पास से 26 बने और 23 अधबने तमंचों के अलावा कारतूस, तमंचे बनाने के उपकरण, हथियार, मशीनरी, भट्ठी आदि बरामद हुए हैं। इस मौके पर सीओ द्वितीय संजीव दीक्षित मौजूद रहे। गिरफ्तारी टीम में इंस्पेक्टर गांधी पार्क धीरेंद्र मोहन शर्मा, एसओजी प्रभारी अभय शर्मा, धर्मेंद्र सिंह, विनोद कुमार, संजीव कुमार, राकेश कुमार सुखवीर सिंह, महेंद्र प्रताप, विनोद कु मार, ज्ञानवीर सिंह, मनोज कुमार आदि शामिल रहे।