जिले भर में बुधवार को लॉकडाउन जबरदस्त तरीके से प्रभावी रहा। हालांकि 21 दिन तक चलने वाला लॉकडाउन अभी से लोगों को बेचैन करने लगा है। प्रशासन बार-बार स्पष्ट कर रहा है कि रोज सुबह सात बजे से 11 बजे तक खाने पीने का सामान मिलेगा फिर भी कई जगह कालाबाजारी की भी शिकायत मिली।
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इससे निपटने के लिए ठोस कार्रवाई की योजना बनाई गई है। इधर, लॉकडाउन के तीसरे दिन पूरे शहर में सुबह के चार घंटे के बाद सन्नाटा पसरा रहा। लोग घरों में कैद रहे। रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड, सिनेमा, पार्क और चौराहों आदि जगह सन्नाटा ही रहा।
नगर निगम की टीमों ने शहर को सैनिटाइज करने का काम जारी रखा। वहीं मैरिस रोड के कई अपार्टमेंट में सैनिटाइज कराने का काम हुआ। पुलिस ने जिले की सीमा पर चौकसी जारी रखी है। बाहरी लोगों को प्रवेश नहीं दिया जा रहा है।
चार घंटे उमड़ती रही भीड़
इस दहशत के कारण लोगों में राशन, सब्जी, दवाएं जुटाने की जल्दबाजी हो गई है। बुधवार सुबह सात बजे दुकानें खुलते ही दुकानों में लंबी लाइन लग गई। कुछ लोगों ने तय दाम से ज्यादा वसूले जाने की भी शिकायत की। किशनपुर में गली के अंदर की दुकानों में लाइन लगी।
नौरंगाबाद, छावनी बाजार, सुरेंद्र नगर, विष्णुपुरी, निरजंनपुरी, रामघाट रोड, सेंटर प्वाइंट, गांधी आई हास्पिटल बाजार, किशनपुर, महावीरगंज, रेलवे रोड, ऊपरकोट, तुर्कमान गेट, देहलीगेट, कनवरीगंज, देहलीगेट, गूलर रोड, सराय लवरिया, मसूदाबाद, सारसौल चौराहा, क्वार्सी चौराहा, जीवनगढ़, धौर्रामाफी, जमालपुर, अनूपशहर रोड चुंगी आदि जगहों पर ऐसे ही नजारे थे।
पुलिस ने जबरन घर भेजा
लॉकडाउन में बुधवार को नौरंगाबाद सहित महावीरगंज में जमकर भीड़ उड़ी। सर्वाधिक भीड़ किराना, फल, सब्जी, दूध की दुकानों पर रही। जिसका एक कारण नवरात्र का पहला दिन भी था। नौरंगाबाद में बाजारों में जब साढ़े दस बजे भीड़ और बढ़ गई तो पुलिस ने लोगों को घर भेजना शुरू किया। पुलिस ने लोगों को डांट कर उनके घर भेजा। जिससे 11 बजे के निर्धारित वक्त में बाजार बंद कराया जा सके।