कोरोना संक्रमण जिले में फिर से रफ्तार पकड़ रहा है। इस पर जिला प्रशासन ने कंटेनमेंट जोन की व्यवस्था फिर शुरू कर दी है। अगर, किसी इलाके में कोई कोरोना संक्रमित मरीज पाया जाता है तो उसके घर के आस-पास का 25 मीटर दायरा कंटेनमेंट जोन घोषित किया जाएगा। इस जोन में अगर कोई व्यावसायिक दुकान, प्रतिष्ठान है तो उसे बंद कराया जाएगा। सिर्फ आवश्यक वस्तुओं की दुकान को ही खोलने की छूट रहेगी।
जिलाधिकारी चंद्रभूषण सिंह ने सोमवार को स्वास्थ्य विभाग व प्रशासन के अधिकारियों के साथ कोविड के संबंध में समीक्षा बैठक की। बैठक में उन्होंने निर्देश दिए कि शासन की ओर से कंटेनमेंट जोन के संबंध में नई गाइड लाइन आई है। इसका पालन प्रशासन, पुलिस व स्वास्थ्य विभाग कराएगा।
कोरोना संक्रमित मरीज के संपर्क में आए लोगों का हर हाल में कोविड टेस्ट कराना अनिवार्य होगा। साथ ही उन्होंने निर्देश दिए कि मुख्य चिकित्साधिकारी कोविड-19 की नई गाइडलाइन का पालन कराएं। कोविड अस्पताल में भर्ती संक्रमित मरीज की एक सप्ताह बाद कोविड-19 की जांच आरटीपीसीआर सैंपल लेकर की जाए। यदि मरीज में कोई लक्षण नहीं हैं और उसकी रिपोर्ट निगेटिव पाई जाती है तो उसे छुट्टी दे दी जाए। वहीं, निर्देश दिए कि डा. बालकिशन कोविड अस्पताल पंडित दीनदयाल उपाध्याय संयुक्त चिकित्सालय में कोविड-19 से संक्रमित मरीजों को भर्ती तथा उपचार के बाद ठीक हुए मरीजों को छुट्टी देने की व्यवस्था देखेंगे। प्रतिदिन भर्ती होने वाले मरीजों एवं डिस्चार्ज होने वाले मरीजों के डेटा के साथ रिक्त बेड की संख्या डीएम व प्रभारी अधिकारी कोरोना कंट्रोल रूम को उपलब्ध कराएंगे। इसके अतिरिक्त मुख्य चिकित्सा अधीक्षक कोविड-19 से संबंधित कार्यों को छोड़कर अन्य समस्त कार्यों का संपादन करेंगे।