अलीगढ़ की स्मार्ट सिटी योजना के तहत 28 करोड़ खर्च करके फिर से तैयार किए गए अचल सरोवर में पानी सूखने से तड़प-तड़प कर मर रही हैं मछलियां। तीन नलकूप सरोवर को भरने के लिए बनाए थे जिनमें दो खराब हो गए। एक नलकूप से वहीं सरोवर की सफाई करने वाले नहाते हैं और साबुन का पानी सरोवर में छोड़ते हैं।
आसपास के लोग भी उसी से पानी भरने आते हैं। दो साल पहले अचल ताल के सुंदरीकरण का काम किया गया था। अब पानी सूख गया है। यहां आकर हर रोज मछलियों को दाना डालने वाले लोगों को यह देखकर कष्ट होता है।
जो खराब नलकूप हैं उन्हें जल्द ही सही कराया जाएगा। इसके साथ ही अन्य खामियों को भी दूर किया जाएगा, जिससे सरोवर में जलीय जीवन सुरक्षित रहे। - वीर सिंह, सहायक नगर आयुक्त
बहुत कष्ट होता है, मछलियां मर रही हैं। हम मरी हुई मछलियों को दफना देते हैं। - महंत विनयनाथ
दो नलकूप खराब हैं। एक नलकूप पर यहां लोग नहाते हैं कपड़े धोते हैं। साबुन का पानी सरोवर में जाता है।- ओम प्रकाश
सुंदरीकरण के बाद यहां रखरखाव की स्थिति बेहद खराब है। यहां मंदिर का ताला तक नहीं खुलता है। - जवाहर लाल भारद्वाज
सबसे खराब स्थिति रखरखाव की है। यहां पर वोटिंग की योजना थी लेकिन उसका कोई अता पता नहीं। - सुशांत कौशिक