रामघाट रोड पर तालानगरी के पास की सड़क में बना गहरा गड्ढा।
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रामघाट रोड पर पीएसी के आगे से तालानगरी और वहां से हरदुआगंज तक की सड़क इस कदर जर्जर हाल हो चुकी है कि सावन के सोमवार पर जलाभिषेक करने जा रहे कांवड़िये परेशान हैं। उनके पैरों में चुभने वाले कंकड़ और गिट्टी कभी भी बड़ा बवाल करा सकती है। कांवड़िये बमुश्किल राम-राम बोल के इस रास्ते को तय कर रहे हैं। इस रोड पर थोड़ी सी बरसात में गड्ढों में पानी भर जाता है। जिसके कारण वाहन आए दिन दुर्घटनाग्रस्त हो रहे हैं। गड्ढों वाली इस सड़क पर एडीए द्वारा बनाया जा रहा डिवाइडर और स्पीड ब्रेकर भी समस्याएं बढ़ा रहा है। डीपीएस से तालानगरी के पहले चौराहे के बीच मनमाने ढंग से छह से ज्यादा स्पीड ब्रेकर भी बना दिए हैं। पहले से बने तारकोल के स्पीड ब्रेकर के पीछे ही आधुनिक ब्रेकर बनाए गए हैं जो टूटने भी लगे हैं।
एनएचआई में शामिल कराने का प्रस्ताव
पूर्व सीएम एवं वर्तमान में राजस्थान के राज्यपाल कल्याण सिंह के पौत्र प्रदेश के शिक्षा राज्य मंत्री संदीप सिंह ने इस जर्जरहाल सड़क को नेशनल हाईवे बनाने का प्रस्ताव भेजा है। ये प्रस्ताव पीडब्ल्यूडी के माध्यम से प्रदेश सरकार और वहां से भारत सरकार को भेजा गया है। उनका प्रयास है कि ये सड़क एनएचआई के खाते में आ जाए तो इसके दिन बहुर जाएंगे। प्रस्ताव में दुबे का पड़ाव पर आगरा रोड से लेकर राजघाट के पास पंडित दीनदयाल चौक तक इसको एनएच में शामिल किया जाएगा। प्रस्ताव मंजूर होने के बाद ही इसकी डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट भेजी जाएगी।
1 करोड़ 87 लाख मिलें तो काम हो शुरू
रामघाट रोड पर पीएसी के आगे जहां पर सड़क को नवीनीकरण करने के बाद छोड़ा गया है। वहां से तीन किलोमीटर आगे हरदुआगंज की नहर तक सड़क को नये सिरे से बनाये जाने के लिए एक करोड़ 87 लाख रुपये का बजट मांगा गया है। क्योंकि इस सड़क की चौड़ाई ज्यादा है इसलिए बजट भी ज्यादा मांगा गया है। अब पीडब्ल्यूडी मंत्री केशव प्रसाद मौर्य के साथ आगामी आठ अगस्त को प्रस्तावित बैठक में इसके बजट पर कोई फैसला हो सकता है। पीडब्ल्यूडी के एक्सईएन अल हसन मंसूर सिद्दीकी ने बताया कि अगर इस बैठक में बजट पास हो गया तो जल्द ही निर्माण कार्य शुरू हो जाएगा।