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सफाईकर्मियों ने नगर निगम में घुसकर की नारेबाजी

Tue, 03 Jul 2018 01:40 AM IST
न्यूूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़।
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सफाईकर्मियों ने नगर निगम में घुसकर की नारेबाजी - फोटो : Rupesh
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नगर निगम के स्थायी, संविदा और ठेका के अधिकांश सफाई कर्मी रविवार दोपहर बाद से काम पर नहीं लौटे है। सोमवार को अधिकांश कर्मियों ने न तो सफाई की, न ही कहीं भी कूड़ा उठाया। जिससे शहर में कई स्थानों पर कूड़े के ढेर लग गए है। सड़कों और गलियों में कूड़ा है तो नालियां भी भर गई हैं। नाला सफाई का कामकाज भी ठप है। अगर मौसम के पूर्वानुमान के अनुसार मूसलाधार बारिश हुई तो सड़कों पर पैदल चलना भी मुश्किल हो जाएगा। केवल कुछ स्थानों पर कुछ कर्मियों ने ही जरूरी काम निपटाए। 
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सोमवार को जवाहर भवन स्थित नगर निगम सफाई मजदूर संघ के दफ्तर के बाहर सुबह से जुटे सफाई कर्मियों ने घंटों तक प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के बाद सफाई मजदूर संघ के नेताओं ने वहां मौजूद भीड़ को संबोधित किया। सभा के समापन पर सफाई कर्मी जुलूस की शक्ल में नगर निगम के सेवा भवन कार्यालय में घुस गए। सफाई कर्मी नगर आयुक्त सत्य प्रकाश पटेल के खिलाफ जबरदस्त नारेबाजी कर रहे थे।

नगर निगम के दूसरे कर्मियों ने उनको अंदर के कक्षों में जाने से रोका। काफी देर तक हुज्जत भी हुई। इसके बाद सफाई कर्मी नारेबाजी करते हुए बाहर आ गए। इस दौरान टकराव होने की स्थितियों को भांपते हुए मौके पर पुलिस बल भी तैनात किया गया था। लेकिन इसकी जरूरत नहीं पड़ी। सफाई कर्मियों ने पहले नगर आयुक्त की अर्थी निकाल कर पुतला फूंकने का एलान किया था लेकिन ऐसा कुछ हुआ नहीं। यहां पर नगर आयुक्त के खिलाफ हर तरह के आरोप भी लगाए गए। उनकी कार्यप्रणाली को तानाशाही बताया गया।
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ये भी कहा गया कि अगर उन्होंने सफाई कर्मियों की मांगे नहीं मानी तो उनका तबादला करा दिया जाएगा। मेरठ में उन्होंने सैकड़ों सफाई कर्मियों को बेरोजगार कर दिया। जिससे उनके पास अब खाना खाने को भी पैसे नहीं है। मेरठ की तरह ही वो अलीगढ़ में भी ऐसा ही करना चाहते हैं। 

गौर हो कि रविवार को सफाई मजदूर संघ ने नगर निगम प्रशासन को 72 घंटे में मांगे मान लेने अन्यथा बेमियादी हड़ताल और धरना प्रदर्शन का अल्टीमेटम दिया है। ये समय सीमा मंगलवार को पूरी हो जाएगी। नगर सफाई मजदूर संघ के अध्यक्ष लाला राम नंदा और महामंत्री सुनील टूंडा, डा. ज्ञानेंद्र दीवान, पूर्व अध्यक्ष बबलू कमल, बिल्लू चौहान, आनंद शास्त्री, गौरव बैंजी, महेश भोले, विशाल जीवन, धीरेंद्र केला, मानिक लाल नागर, प्रशांत वाल्मीकि आदि ने सभा को संबोधित किया। 

एटूजेड नहीं कर पा रहा है पूरे शहर की सफाई
रविवार से कार्य विरत नगर निगम सफाई कर्मियों का काम एटूजेड को सौंपा गया है। लेकिन सोमवार को एटूजेड पूरे शहर की सफाई व्यवस्था संभाल नहीं सकी। कई मोहल्लों में पूरे दिन कूड़ा नहीं उठा। जिससे लोग परेशान रहे। सड़कों और गलियों में भी झाड़ृू नहीं लगी। अगर सफाई कर्मियों की हड़ताल आगे भी चली तो गंदगी से परेशानी और बढ़ सकती है। 

सरकार से नहीं नगर आयुक्त से है लड़ाई
नगर निगम सफाई मजदूर संघ की संघर्ष समिति के सदस्य राहुल चेतन ने बताया कि सफाई कर्मियों की लड़ाई नगर आयुक्त सत्य प्रकाश पटेल के फैसलों पर है। उत्तर प्रदेश की योगी सरकार से कोई लड़ाई नहीं है। सफाई कर्मियों का प्रदर्शन केवल नगर आयुक्त के खिलाफ है। 

नगर निगम इंस्पेक्टरों की कोई तहरीर नहीं 
रविवार को हुए वृहद नाला सफाई कार्यक्रम में सासनीगेट में सेनेटरी वार्ड इंस्पेक्टर से हुई मारपीट और अन्य स्थानों पर उनके साथ हुई कहासुनी गालीगलौज की अब तक नगर निगम प्रशासन की ओर से पुलिस को कोई तहरीर नहीं दी गई है। जबकि नगर सफाई मजदूर संघ की ओर से कुछ नगर निगम कर्मियों के विरुद्ध गालीगलौज और धमकाने की तहरीर दी गई है, जिस पर कोई मुकदमा दर्ज नहीं हुआ है। 

तो एटूजेड करेगा वैकल्पिक व्यवस्था 
नगर आयुक्त सत्य प्रकाश पटेल ने सफाई कर्मियों का आंदोलन शुरू होने पर ही ये बात साफ कर दी थी कि हड़ताल होने की सूरत में सफाई के लिए वैकल्पिक व्यवस्था की जाएगी। सोमवार को एटूजेड ने अधिकांश स्थानों से कूड़ा उठा कर साफ सफाई की। लेकिन ये सफाई नाकाफी ही थी। 

आज मंडलायुक्त, डीएम और नगर आयुक्त के समक्ष उठेगा मुद्दा 
स्वच्छ भारत मिशन के स्वच्छता सर्वेक्षण को लेकर नगर निगम को बेस्ट प्रैक्टिस इन इनोवेशन का पुरस्कार मिला है। सोमवार को मंडलायुक्त अजयदीप सिंह, जिलाधिकारी चंद्रभूषण सिंह और नगर आयुक्त सत्य प्रकाश पटेल ने सामूहिक रूप से लखनऊ में आयोजित सीएम योगी आदित्यनाथ की बैठक में भाग लिया। वहां स्मार्ट सिटी और आत्मा योजना पर चर्चा हुई। तीनों अधिकारी मंगलवार को अलीगढ़ लौटेंगे। इसके बाद नगर सफाई मजदूर संघ की हड़ताल और उनकी चेतावनी के साथ उपजी स्थितियों पर बात होगी। 

पंडित दीनदयाल उपाध्याय शहरी आजीविका मिशन के तहत भर्ती होने वाले सफाई कर्मियों को प्रति दिन 350 रुपये मिलेंगे। हरेक कर्मी को पीएफ और ईएसआई से स्वास्थ्य सेवाएं मिलेंगे। अगर निगम निगम प्रशासन इस माध्यम से कर्मचारी को रखता है तो इसमें सफाई कर्मी का कोई नुकसान नहीं है। नगर निगम की ओर से वृहद नाला सफाई अभियान चलाया जाना शहर हित में सराहनीय है। ऐसे अभियान नहीं रुकने चाहिए। 
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- पुष्पेंद्र जादौन, नगर निगम कार्यकारिणी के उपसभापति।
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