एएमयू में विधि की छात्राओं के बीच एक गांव में लीगल लिटरेसी कार्यक्रम के दौरान हुई कहासुनी के मामले में पूछताछ के दौरान एक छात्रा की हालत बिगड़ गई, जिन्हें मेडिकल कॉलेज भर्ती कराया, जहां उनकी हालत में सुधार है। साथ ही छात्रा के साथ आईं छात्राओं ने सही उपचार न होने का आरोप लगाया है।
छात्रा साइमा कफील ने बताया कि 17 फरवरी को एक गांव में लीगल लिटरेसी कार्यक्रम के दौरान विभाग की एक छात्रा ने उनके साथ अभद्रता कर दी और उसी ने उनके खिलाफ विभाग में शिकायत भी कर दी। इसके बाद मामले की जांच के लिए डीन ने दो सदस्यीय कमेटी गठित कर दी। 19 फरवरी को उन्हें पूछताछ करने के लिए बुलाया गया, जहां उन पर लिखित में माफी मांगने का दबाव बनाया। साथ ही कॅरिअर खराब करने की धमकी भी दी। इससे उनकी हालत खराब हो गई, जहां साथियों ने उन्हें मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया।
छात्रों ने प्रोफेसर की शिकायत यूजीसी में की है। उधर, छात्र अहमर फरीदी ने इस मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की। इस संबंध में प्रॉक्टर प्रो. मोहम्मद वसीम अली ने कहा कि लीगल लिटरेसी कार्यक्रम के दौरान छात्राओं के बीच किसी बात को लेकर कहासुनी हो गई थी। इस मामले में डीन ने दो सदस्यीय कमेटी गठित कर दी है। छात्राओं से पूछताछ की गई है। छात्रा पूरी तरह से स्वस्थ हैं।