लोक आस्था का महापर्व छठ लोकगीतों के बिना अधूरा है। रेलवे ने छठ के इस अवसर को इन लोकगीतों के प्रसारण से और भी खास बना दिया है। मंगीला हम वरदान हे गंगा मइया..., छठी माई के करब हम बरतिया..., कांच ही बांस के बहंगिया...,केलवा के पात पर उगेलन सुरुजदेव..., पहिले- पहिल हम कईनी छठ के बरतिया..., पटना के घाट पर हमहूं अरगिया देहब हे छठी मैया... जैसे छठ पूजा के लोकगीत शुक्रवार को अलीगढ़ रेलवे स्टेशन पर दिन भर गूंजते रहे।
महिला यात्रियों को इन गीतों को गुनगुनाते हुए भी देखा जा सकता है। उत्तर मध्य रेलवे के जनसंपर्क अधिकारी अमित कुमार सिंह ने बताया कि रेलवे का यह प्रयास पहली बार लोक आस्था और सूर्य उपासना के महापर्व छठ पर यात्रियों के मन को छूने वाला अनुभव बन रहा है, बल्कि उन्हें बिहार की सोंधी संस्कृति से भी जोड़ रहा है। उन्होंने बताया कि प्रयागराज मंडल के अलीगढ़ समेत 39 स्टेशनों पर स्टेशन उद्घोषणा प्रणाली के माध्यम से छठ के गीतों के प्रसारण के साथ यात्रियों का स्वागत किया जा रहा है।
छठ पूजा पर सुरक्षा व्यवस्था को चलाया चेकिंग अभियान
छठ पूजा पर घर जाने वाले यात्रियों के सकुशल सफर के लिए शुक्रवार को रेलवे स्टेशन पर अभियान चलाकर जागरूक किया गया। पोस्ट कमांडर अमित कुमार सिंह ने प्लेटफॉर्म पर रहकर विशेषकर बिहार की ओर जाने वाली गाड़ियों व अन्य भीड़भाड़ वाली गाड़ियों को अलीगढ़ स्टेशन से पास कराया। अभियान में यात्रियों को गेट पर बैठकर, लटककर सफर न करने के लिए समझाया गया। स्टेशन व गाड़ियों में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर चेकिंग अभियान भी चलाया गया। पोस्ट कमांडर अमित कुमार सिंह के अनुसार यह अभियान लगातार जारी रहेगा।