अलीगढ़ के एफएम टॉवर के पास फायरिंग व एएमयू के सर जियाद्दीन हॉल में मैग्जीन-कारतूस, नकली नोट और फर्जी दस्तावेज रखने का आरोपी एएमयू छात्र शहबाज व उसका साथी मो. आकिल का अभी कोई सुराग नहीं लगा। इधर, इस मामले में जेल भेजे गए शहबाज के दोस्त इदरीश की गिरफ्तारी को लेकर सिविल लाइंस व क्वार्सी पुलिस द्वारा सीसीटीवी फुटेज कोर्ट में पेश किए जाएंगे। इसे लेकर न्यायालय में इदरीश की तलबी की तारीख भी नियत है।
एफएम टॉवर पर झगड़ा व फायरिंग में पुलिस ने सीसीटीवी से शहंशाहबाद के शहबाज उर्फ छोटू की पहचान हुई। एएमयू एमसीए द्वितीय वर्ष का छात्र शहबाज की तलाश में पुलिस जब सर जियाउद्दीन हॉल के कमरा नंबर जैड-34 में पहुंची तो वहां उसके अवैध रूप से रहने की जानकारी मिली। वहां तलाशी में मैग्जीन-कारतूस, नकली नोटों के अलावा शहबाज के नाम से फर्जी दस्तावेज व बरेली के भोजपुरी धौर्रा टांडा के मो.आकिल के नाम के दस्तावेज मिले। साथ में मुरदाबाद के मुदस्सिर का लैपटॉप भी मिला। तीनों पर पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज की। बाद में मुदस्सिर को पूछताछ में क्लीनचिट दे दी। इसी बीच शहबाज के करीबी दोस्त उसकी भागने में मदद करने वाले आसिफ इदरीश को ऑडी कार सहित दबोच लिया।
शुक्रवार को उसे जेल भेज दिया गया। उसकी न्यायालय में रिमांड प्रक्रिया में बचाव पक्ष के अधिवक्ता ने गिरफ्तारी पर सवाल उठाते हुए कहा था कि 9 तारीख से उठा रखा है और 10 को गिरफ्तारी दिखा रहे हैं। सिर्फ बयानों पर आरोप लगाया गया है। इसी मामले में न्यायालय ने तीन दिन का रिमांड तो स्वीकार कर लिया। मगर सोमवार को क्वार्सी व सिविल लाइंस थानों का दस अप्रैल का सीसीटीवी फुटेज तलब किया है। जिसे पुलिस सोमवार को पेश करेगी। इसके लिए इदरीश को भी न्यायालय में पेश किया जाएगा।
तलाश में लगातार हाथ पांव मार रही पुलिस
इस मामले में फरार आरोपी एएमयू छात्र शहबाज व उसका साथी मो.आकिल की तलाश में पुलिस टीमें लगातार जुटी हैं। उनमें से शहबाज के दिल्ली पहुंचने का अंदेशा है। इसके लिए पुलिस टीमें लगातार प्रयास कर रही हैं। वहीं आकिल के विषय में अभी कोई सटीक जानकारी नहीं मिल पा रही है। पुलिस की टीमें लगातार दोनों की तलाश में हाथ पांव मार रही हैं। सीओ तृतीय सर्वम सिंह का यही कहना है कि गिरफ्तारी के लिए प्रयास जारी हैं।